Rajasthan भाजपा में फिर उठा सियासी भंवर, पीएम मोदी के मानगढ़ दौरे में वसुंधरा की अनदेखी, जानिए पूरी वजह
Rajasthan में भाजपा के भीतर एक बार फिर सियासी घमासान शुरू हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मानगढ़ दौरे के दौरान पार्टी के प्रदेश नेतृत्व और संस्कृति मंत्रालय के केंद्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल ने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की अनदेखी करते हुए उन्हें कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किया है। आपको बता दें पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 27 सितंबर 2018 को मानगढ़ स्मारक का लोकार्पण किया था। पीएम मोदी के मानगढ़ दौरे के कार्यक्रम के प्रभारी संस्कृति मंत्रालय के मंत्री अर्जुन मेघवाल है। जो राजस्थान में खुद मुख्यमंत्री पद के दावेदार भी है। ऐसे में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को मानगढ़ के कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किए जाने को लेकर सियासी गलियारों में चर्चा है।
Recommended Video

वसुंधरा राजे के बीकानेर दौरे के बाद बढ़ा मेघवाल और राजे के बीच टकराव
राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे पिछले दिनों बीकानेर दौरे पर थी। उनके दौरे के दौरान पूर्व मंत्री देवी सिंह भाटी ने वसुंधरा राजे के पूरे कार्यक्रम का संचालन किया था। इसी दौरान देवी सिंह भाटी को पार्टी में भी शामिल किया जाना तय माना जा रहा था। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। बीकानेर की सियासत में देवी सिंह भाटी और अर्जुन मेघवाल के बीच छत्तीस का आंकड़ा माना जाता है। माना जा रहा है कि वसुंधरा राजे के बीकानेर दौरे के बाद से ही अर्जुन मेघवाल उनसे नाराज चल रहे हैं।

वसुंधरा राजे के दखल के बावजूद नहीं हो पाई भाटी की घर वापसी
केंद्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल का भाजपा शीर्ष नेतृत्व पर प्रभाव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के दखल के बावजूद देवी सिंह भाटी की भाजपा में घर वापसी रुकी हुई है। माना जा रहा है कि भाटी की भाजपा में घर वापसी अर्जुन मेघवाल की वजह से रुकी हुई है। अर्जुन मेघवाल नहीं चाहते कि देवी सिंह भाटी फिर से पार्टी में शामिल हो। जबकि पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने बीकानेर दौरे के दौरान से ही देवी सिंह भाटी की घर वापसी के लिए पार्टी के भीतर प्रयास करने शुरू कर दिए थे। लेकिन अर्जुन मेघवाल के दखल की वजह से ऐसा नहीं हो सका। अर्जुन मेघवाल खुद राजस्थान में भाजपा नेताओं की घर वापसी के लिए गठित समिति के अध्यक्ष भी हैं।

राजस्थान में सीएम फेस को लेकर पार्टी के भीतर है गुटबाजी
राजस्थान में मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर भाजपा के भीतर बड़ी गुटबाजी है। कई मौकों पर यह गुटबाजी खुलकर सामने आ चुकी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे के दौरान एक बार फिर यह गुटबाजी सामने आई है। राजस्थान में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, केंद्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल सहित उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ मुख्यमंत्री पद के प्रबल दावेदार हैं। पार्टी के भीतर इस गुटबाजी को रोकने में भाजपा का शीर्ष नेतृत्व भी नाकाम रहा है।












Click it and Unblock the Notifications