जयपुर में टिड्डी दल का हमला, VIDEO में देखें किस तरह टिड्डियों से भर गए घर
जयपुर। कोरोना महामारी के बीच इन दिनों राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में टिड्डियों ने आतंक मचा रखा है। पाकिस्तान की तरफ से आईं टिड्डियां सरहदी जिलों के बाद राजस्थान की राजधानी जयपुर तक पहुंच गई हैं। जयपुर के कई वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं, जिनमें घरों की छतों और दीवारों पर सिर्फ टिड्डियां ही टिड्डियां नजर आ रही है।
आइए जानते हैं टिड्डियों से जुड़ी कुछ खास बातें

1. कहां से आए हैं टिड्डियों के दल?
खबरों के मुताबिक ये टिड्डी दल ईरान के रास्ते पाकिस्तान से होते हुए भारत पहुंचे हैं। पहले पंजाब, राजस्थान में फसलों को नुकसान पहुंचाने के बाद हमलावर टिड्डियों के आगरा पहुंचने की आशंका थी लेकिन ये झांसी पहुंचे और इसी तरह एक टिड्डी दल जयपुर पहुंचा। असल में यह सिलसिला पिछले साल से चल रहा है और इसने इस साल के शुरुआती महीनों में अफ्रीका में खास तौर से केन्या और इथियोपिया में कहर ढाया था। इसके बाद अरबी देशों के रास्ते से टिड्डी दलों ने यहां तक का सफर किया।

2. कैसे पनपती हैं टिड्डियां?
ग्लोबल वॉर्मिंग के चलते मौसम में आए बदलाव को कारण माना जा रहा है कि टिड्डी दलों की आबादी और हमले बढ़ रहे हैं। एक मादा टिड्डी अपने जीवन में कम से कम तीन बार अंडे देती है और एक बार में 95 से 158 अंडे तक दे सकती है। एक वर्ग मीटर में टिड्डियों के करीब 1000 अंडे हो सकते हैं। एक टिड्डी का जीवन सामान्यतया तीन से पांच महीने का होता है।

3. कितना नुकसान करेंगे टिड्डी दल?
दो महीने पहले जब टिड्डियों ने हमला किया था, तब गुजरात और राजस्थान में 1.7 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में खड़ी तेल बीजों, जीरे और गेहूं की फसलों को नुकसान पहुंचा था। ताज़ा हमले को लेकर विशेषज्ञ मान रहे हैं कि अगर टिड्डियों पर जल्द काबू नहीं पाया गया तो 8 हज़ार करोड़ रुपए तक की फसल तबाह हो सकती है। लेकिन, भारत में इस साल हो चुके और होने वाले कुल नुकसान के बारे में अभी कोई पुख्ता अंदाज़ा तक नहीं है।

4. कितनी रफ्तार से आगे बढ़ता है टिड्डी दल?
संयुक्त राष्ट्र के खाद्य और कृषि संगठन यानी एफएओ के मुताबिक एक वर्ग किलोमीटर में फैले दल में करीब 4 करोड़ टिड्डियां होती हैं, जो एक दिन में इतने वज़न का भोजन कर लेती हैं, जितने में 35 हज़ार लोगों का पेट भर सकता है। अगर प्रति व्यक्ति प्रतिदिन 2.3 किग्रा भोजन का औसत लिया जाए। आसमान में उड़ते इन टिड्डी दलों में दस अरब टिड्डे तक हो सकते हैं। ये झुंड एक दिन में 13 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से करीब 200 किलोमीटर तक का रास्ता नाप सकते हैं।

5. कैसे तबाही मचाती हैं टिड्डियां?
टिड्डियां हजारों-लाखों के झुण्ड में आकर पेड़ों, पौधों या फसलों के पत्ते, फूल, फल, बीज, छाल और फुनगियाँ सभी खा जाते हैं। ये इतनी संख्या में पेड़ों पर बैठते हैं कि उनके भार से पेड़ टूट तक सकता है। एक टिड्डा अपने वज़न के बराबर भोजन चट करता है। यानी कम से कम दो ग्राम।












Click it and Unblock the Notifications