दोस्त के साथ छत पर कॉफी पी रही थी महिला, आसमान से उसके ऊपर गिरा 'रहस्यमयी पत्थर'
फ्रांस में एक महिला अपनी दोस्त के साथ छत पर बैठकर कॉपी पी रही थी, तभी उसके ऊपर आसमान से आकर एक पत्थर गिरा। जिसको देखकर वो दोनों हैरान रह गए। हालांकि बाद में उन्होंने एक खगोलशास्त्री से संपर्क किया, तब जाकर उस पत्थर का राज खुला।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ये घटना उत्तरपूर्वी फ्रांस के शिरमेक कम्यून की है। वहां पर आसमान से पत्थर का टुकड़ा गिरा। वो सिमेंट के जैसा बिल्कुल नहीं था, उसकी संरचना बहुत ज्यादा अजीब थी। ऐस में महिला को कुछ भी समझ नहीं आया।

महिला के मुताबिक तेज आवाज के बाद उनकी पसलियों को झटका लगा। शुरू में लगा कि जैसे कोई जानवर आकर उनसे टकराया हो, लेकिन जब उन्होंने रोशनी की, तो पत्थर के आकार की वस्तु वहां पर मिली। आसपास जांच करने के बाद जब उनको कुछ नहीं मिला, तो वो समझ गए कि ये पत्थर आसमान से आया है।
इसके बाद वो भूविज्ञानी थिएरी रेबमैन के पास पहुंचीं और उनसे सलाह ली। उन्होंने जांच में पाया कि वो संरचना उल्कापिंड का हिस्सा थी। उसमें लोहे और सिलिकॉन का मिश्रण था। उसका वजन 4 औंस (113 ग्राम) मिला।
रेबमैन के मुताबिक उल्कापिंडों से लोगों के टकराने की घटनाएं बेहद दुर्लभ हैं। एक अनुमान के मुताबिक हर दिन 50 टन उल्कापिंड के तत्व पृथ्वी पर आते हैं। इसमें से ज्यादातर महासागरों में ही गिरते हैं।
उल्कापिंड क्या हैं?
उल्कापिंड अंतरिक्ष में घूमती हुई चट्टानें हैं। कई बार ये हमारे ग्रह के काफी करीब आ जाते हैं। जब ये हमारे वायुमंडल में प्रवेश करते हैं, तो उनका ज्यादातर हिस्सा जलकर राख हो जाता है। कई बार जब उल्कापिंड बहुत ज्यादा बड़े होते हैं, तो उनका कुछ हिस्सा बच जाता है, जिससे पृथ्वी पर नुकसान हो सकता है।
1954 में पहली घटना की पुष्टि
वैसे तो उल्कापिंड कई बार इंसानों पर गिरे हैं, लेकिन ज्यादातर मामलों में सबूतों की कमी रहती है। उल्कापिंड का सीधे इंसान से टकराने का पहला मामला 1954 में आया था। उस वक्त सिलाकौगा में एक शख्स के ऊपर 8 पाउंड का पत्थर गिरा था, जिससे उसकी मौत हो गई।












Click it and Unblock the Notifications