क्वीन एलिजाबेथ के अंतिम संस्कार में ब्रिटेन ने बहाए पैसे, आर्थिक संकट के वक्त फूंक दिए एक हजार करोड़
महारानी एलिजाबेथ के निधन के बाद उनके बेटे प्रिंस चार्ल्स ब्रिटेन के नए किंग बन गए हैं। इसी महीने 6 तारीख को उनकी ताजपोशी की गई है, जिसमें भी करीब एक हजार करोड़ के खर्च का अनुमान लगाया गया है।

Queen Elizabeth II's funeral cost: ब्रिटेन कोविड संकट के बाद से आर्थिक स्थिति से कमजोर पड़ा हुआ है, लेकिन क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय के अंतिम संस्कार में ब्रिटिश सरकार ने एक हजार करोड़ रुपये फूंक दिए।
यूके सरकार ने गुरुवार को देश की संसद को बताया है, कि महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के राजकीय अंतिम संस्कार में यूके सरकार ने करीब 162 मिलियन पाउंड ($ 201.4 मिलियन) यानि करीब एक हजार करोड़ रुपये खर्च किए हैं।
यूके सरकार ने देश की संसद को बताया है, कि क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय के निधन के बाद 10 दिनों तक कार्यक्रम चला था, जिसमें करीब 200 मिलियन डॉलर, यानि एक हजार करोड़ भारतीय रुपये खर्च हुए हैं।
क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय, यूके की सबसे ज्यादा समय तक रहने वाली महारानी थीं, जिनका निधन पिछले साल 8 सितंबर को 96 साल की उम्र में हुआ था।
10 दिनों तक चला था कार्यक्रम
क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय के निधन के बाद यूनाइटेड किंगडम में 10 दिनों का राजकीय शोक घोषित किया गया था। हालांकि, इस दौरान सभी व्यावसायिक कार्य होते रहे, लेकन कई बड़े कार्यक्रम रद्द कर दिए गये। 18 सितंबर को वेस्टमिंस्टर एब्बे में उनका अंतिम संस्कार किया गया था।
इस दौरान ब्रिटेन के करीब ढाई लाख लोगों ने महारानी के अंतिम दर्शन किए थे और 24 घंटे तक लंदन की सड़कों पर लोगों की कतार देखी गई थी।
उन्हें बर्कशायर के विंडसर कैसल में सेंट जॉर्ज चैपल में दफनाया गया। यूके सरकार ने अलग अलग मद में ये पैसे खर्च किए, जिसमें सुरक्षा, खानपान, राजसी खर्च शामिल हैं।
यूके सरकार ने संसद को जो जानकारी दी है, उसके मुताबिक क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय के अंतिम संस्कार कार्यक्रम में गृह मंत्रालय को करीब 756 करोड़, सांस्कृतिक मंत्रालय को करीब 589 करोड़, परिवहन विभाग को करीब 26 करोड़, विदेश विभाग को करीब 21 करोड़ और रक्षा विभाग को करीब 29 करोड़ रुपये खर्च करने पड़े।
इसके साथ ही, यूके सरकार ने कहा है, कि किंग चार्ल्स की ताजपोशी में भी सरकार को करीब एक हजार करोड़ रुपये के खर्च का अनुमान है।
आपको बता दें, कि किंग चार्ल्स की ताजपोशी इसी महीने 6 तारीख को हुई थी और ये कार्यक्रम तीन दिनों तक चला था। इसकी लागत भी करीब एक हजार करोड़ होने तक जाने का अनुमान लगाया गया है।

1952 में बनी थी महारानी
क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय पूरी दुनिया में सबसे लंबे समय तक राज करने वाली महारानियों में से एक थीं। उन्होंने 70 साल से ज्यादा समय तक ब्रिटेन समेत अन्य कई देशों पर शासन किया।
Recommended Video

मौत के समय भी महारानी, ब्रिटेन समेत 15 देशों की महारानी थीं। रानी एलिजाबेथ की जब मौत हुई, तब वो 96 साल की थीं। अप्रैल 2021 में उनके पति प्रिंस फिलिप का जब निधन हुआ था, तब वे 99 साल के थे। क्वीन एलिजाबेथ को सिर्फ 25 साल की उम्र में साल 1952 में उन्हें महारानी का ताज पहनाया गया था
वहीं, महारानी एलिजाबेथ के निधन के बाद उनके बेटे प्रिंस चार्ल्स ब्रिटेन के नए किंग बन गए हैं। उन्हें किंग चार्ल्स तृतीय कहकर बुलाया जाएगा। वहीं, उनकी पत्नी कैमिला, अब डचेस ऑफ कॉर्नवाल कहलाएंगी।












Click it and Unblock the Notifications