Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

अमेरिका के ड्रोन हमले में सिर्फ जवाहिरी ही नहीं, हक्कानी फैमिली के लोगों की भी हुई मौत, अफगान राजदूत का दावा

दावा किया जा रहा है कि इस हमले में अल कायदा के करीबी हक्कानी के परिवार के सदस्य भी मारे गए थे। यह दावा किसी और ने नहीं बल्कि खुद ताजिकिस्तान में अफगान राजदूत मोहम्मद जहीर अघबर ने किया है

काबुल, 04 अगस्तः अमेरिका ने 31 अगस्त की रात काबुल में हुए एक ड्रोन हमले में अल-कायदा नेता अयमान अल-जवाहिरी को ढ़ेर कर दिया। अब दावा किया जा रहा है कि इस हमले में अल कायदा के करीबी हक्कानी के परिवार के सदस्य भी मारे गए थे। यह दावा किसी और ने नहीं बल्कि खुद ताजिकिस्तान में अफगान राजदूत मोहम्मद जहीर अघबर ने किया है।

afghanistan

जिस घर पर हमला हुआ वह हक्कानी का था

मोहम्मद जहीर अघबर ने कहा 31 जुलाई को हुए इस ड्रोन हमले में हक्कानी के परिवार के सदस्य भी मारे गए थे। हक्कानी नेटवर्क जलालुद्दीन हक्कानी द्वारा स्थापित एक इस्लामी आतंकवादी संगठन है। जलालुद्दीन के बारे में कहा जाता है कि वह सोवियत विरोधी युद्ध के दौरान विद्रोही कमांडर के रूप में उभरा था। ताजिकिस्तान में अफगान राजदूत मोहम्मद राजदूत मोहम्मद जहीर अघबर ने इंडिया टुडे से बात करते हुए कहा, "काबुल से मिली रिपोर्ट के मुताबिक, हक्कानी समूह के कुछ परिवार के सदस्य भी अमेरिकी हमले में मारे गए थे। वह घर हक्कानी का था। हमले के बाद बाकी के लोग काबुल से भाग गए हैं।"

बाइडन का दावा हो सकता है गलत

अफगानी दूत का यह दावा अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के उस संबोधन को गलत करता है जिसमें उन्होंने कहा था कि ड्रोन हमले में परिवार के किसी सदस्य को चोट नहीं पहुंची है। अमेरिकी के राष्ट्रपति बाइडेन ने 2 अगस्त को अपने संबोधन में कहा था कि सेना के ऑपरेशन में अल-जवाहिरी के परिवार के किसी भी सदस्य को चोट नहीं आई और न ही कोई नागरिक हताहत हुआ है।

हक्कानी ने छोड़ा अफगानिस्तान

रिपोर्टों में कहा गया है कि काबुल में जहां अल-कायदा नेता छिपा हुआ था वह बहुमंजिला बंगला अफगानिस्तान के आंतरिक मंत्री सिराजुद्दीन हक्कानी के करीबी सहयोगी के पास था। अफगान दूत के अनुसार, सिराजुद्दीन हक्कानी और अन्य शीर्ष नेता काबुल में सुरक्षित घरों को छोड़कर कहीं और चले गए हैं। उन्होंने कहा कि कई आतंकवादी समूह अभी भी अफगानिस्तान में मौजूद हैं। अफगान दूत ने कहा, "अयमान अल-जवाहिरी की हत्या अफगानिस्तान के लोगों के लिए महत्वपूर्ण नहीं है। हमारे लिए जो महत्वपूर्ण है वह यह कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को पता चले कि तालिबान के संरक्षण में अफगानिस्तान में आतंकवाद बढ़ रहा है।"

पाकिस्तान ने तालिबान का पर्दाफाश किया

अल-कायदा नेताओं के ठिकाने का खुलासा करने में पाकिस्तान की संलिप्तता पर बोलते हुए, अफगान दूत ने कहा कि चूंकि अमेरिका के पाकिस्तान के साथ बहुत 'अच्छे' संबंध हैं, इसलिए वह अफगानिस्तान के भीतर बहुत सी चीजों तक आसानी से पहुंच सकता है। राजदूत ने कहा, "पाकिस्तान अमेरिका का रणनीतिक साझेदार है। उन समूहों की सराहना करनी चाहिए जिन्होंने अमेरिका को जवाहिरी के ठिकाने की जानकारी दी। इसने तालिबान का पर्दाफाश किया है।"

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+