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डोनाल्ड ट्रंप को चौथी बार नोबेल शांति पुरस्कार के लिए किया गया नॉमिनेट, क्या इस बार भी मलते रह जाएंगे हाथ?

Donald Trump Nobel Peace Prize: अमेरिका के पूर्व विवादित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, जो यौन शोषण के साथ कई अन्य मामलों में मुकदमों का सामना कर रहे हैं, उन्हें चौथी बार नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट किया गया है।

फॉक्स न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, रिपब्लिकन पार्टी के सांसद क्लाउडिया टेनी ने "ऐतिहासिक" अब्राहम समझौते को सुविधाजनक बनाने में उनकी भूमिका का हवाला देते हुए पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामांकित किया है।

donald Trump nominated for Nobel Peace Prize

यह चौथी बार है जब डोनाल्ड ट्रम्प को अब्राहम अकॉर्ड में भूमिका निभाने के लिए शांति समझौते के लिए नामांकित किया गया है, हालांकि, उन्हें राष्ट्रपति पद के दौरान उन्हें यह पुरस्कार नहीं मिला। लिहाजा, सवाल ये उठ रहे हैं, कि क्या इस बार भी डोनाल्ड ट्रंप हाथ मलते ही रह जाएंगे?

अब्राहम अकॉर्ड के लिए नॉमिनेशन

अब्राहम अकॉर्ड अतीत के दो कट्टर दुश्मन संयुक्त अरब अमीरात और इजराइल के बीच किया गया था, जिसे ऐतिहासिक समझौता माना जाता है, जिसके तहत यूएई ने इजराइल के साथ डिप्लोमेटिक संबंध जोड़ा था और पहली बार किसी महत्वपूर्ण अरब देश ने इजराइल को मान्यता दी थी।

अब्राहम अकॉर्ड, साल 1978 में हुए इजराइल और मिस्र के बीच शांति समझौते और 1994 में ओस्लो शांति समझौते को स्वीकार करता है। अब तक, मिस्र, जॉर्डन, बहरीन, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), मोरक्को और सूडान ने इजराइल के साथ संबंध सामान्य कर लिए हैं।

रिपब्लिकन पार्टी की नेता टेना ने फॉक्स न्यूज को कहा है, कि "इजराइल और उसके अरब पड़ोसियों के बीच समझौता कराने में ट्रंप की भूमिका की सराहना नहीं की गई है।"

उन्होंने कहा, कि "डोनाल्ड ट्रम्प ने लगभग 30 वर्षों में मध्य पूर्व में पहले नए शांति समझौते को सुविधाजनक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। दशकों से, नौकरशाहों, विदेश नीति 'पेशेवरों' और अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने जोर देकर कहा, कि इजरायल-फिलीस्तीन संघर्ष के समाधान के बिना मध्य पूर्व में इजराइल के साथ शांति समझौते होना असंभव थे। लेकिन, राष्ट्रपति ट्रंप ने सबको गलत साबित कर दिया।"

उन्होंने कहा, कि "अब्राहम समझौते तक पहुंचने में राष्ट्रपति ट्रम्प के साहसिक प्रयास अभूतपूर्व थे और नोबेल शांति पुरस्कार समिति द्वारा उन्हें मान्यता नहीं दी जा रही है, जो आज उनके नामांकन की आवश्यकता को रेखांकित करता है। अब पहले से कहीं अधिक, जब अंतरराष्ट्रीय मंच पर जो बाइडेन का कमजोर नेतृत्व खतरा पैदा कर रहा है, तो हमारे देश की सुरक्षा के लिए, हमें ट्रम्प को उनके मजबूत नेतृत्व और विश्व शांति हासिल करने के उनके प्रयासों के लिए पहचानना चाहिए।"

अमेरिकी नेता का ये बयान, जॉर्डन में कथित तौर पर ईरान समर्थित मिलिशिया द्वारा किए गए ड्रोन हमले में तीन अमेरिकी सैनिकों के मारे जाने के बाद आया है, जिससे मध्य पूर्व में पहले से ही अनिश्चित स्थिति को और खतरनाक बना दिया है। ऐसी आशंका है, कि अमेरिका अब ईरान पर हमला कर सकता है।

वहीं, गाजा में जारी युद्ध में अभी तक 27 हजार से ज्यादा लोगों के मारे जाने का दावा किया गया है। लिहाजा, राष्ट्रपति जो बाइडेन के प्रशासन की युद्ध से निपटने के तरीके की आलोचना की गई है।

पहले कब किया गया ट्रंप को नॉमिनेट

हालांकि, दशकों से चले आ रहे इजराइल-फिलिस्तीन संघर्ष का बगैर समाधान किए अब्राहम समझौते लागू होने के लिए इसकी काफी आलोचना भी की गई है, लेकिन इस समझौते को लागू करवाने के लिए डोनाल्ड ट्रंप को इससे पहले भी तीन बार नामांकित किया जा चुका है।

डोनाल्ड ट्रम्प ने 2019 में संवाददाताओं से कहा था, कि "मुझे लगता है, कि अगर उन्होंने इसे (नोबेल पुरस्कार) निष्पक्षता से दिया, तो मुझे कई चीजों के लिए नोबेल पुरस्कार मिलेगा, लेकिन वो ऐसा नहीं करते हैं।"

साल 2019 में डोनाल्ड ट्रम्प को सुदूर दक्षिणपंथी नॉर्वेजियन सांसद क्रिश्चियन टाइब्रिंग-गजेडे ने इस प्रतिष्ठित पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया था, जिन्होंने दुनिया भर में लंबे संघर्षों को हल करने की दिशा में उनके प्रयासों की सराहना की थी।

इसके बाद डोनाल्ड ट्रम्प को सितंबर 2020 में ऑस्ट्रेलियाई सांसदों के एक समूह ने नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट किया था, जिसमें डोनाल्ड ट्रंप की इसलिए सराहना की गई, कि ट्रंप ने तय किया है, कि अमेरका को किस भी अंतहीन युद्ध में नहीं झोंकेंगे। ऐसे युद्ध में, जिनमें हजारों लोगों की मौत के अलावा कुछ भी हासिल नहीं होता है।

2018 में, अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में 18 रिपब्लिकन के एक समूह ने औपचारिक रूप से उत्तर कोरिया और दक्षिण कोरिया के बीच सुलह लाने के प्रयासों के लिए डोनाल्ड ट्रम्प को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामित किया था। यदि उन्हें यह पुरस्कार मिला होता, तो वह 1906 में थियोडोर रूजवेल्ट, 1920 में वुडरो विल्सन, 2002 में जिमी कार्टर और 2009 में बराक ओबामा के बाद जीतने वाले पांचवें अमेरिकी राष्ट्रपति होते।

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