BRICS Summit में भाग लेने दक्षिण अफ्रीका जाएंगे शी जिनपिंग, पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक की संभावना

BRICS Summit: चीनी विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को पुष्टि की है, कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग दक्षिण अफ्रीका के जोहान्सबर्ग में होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। इसके साथ ही, चीन के राष्ट्रपति दक्षिण अफ्रीका का चार दिवसीय दौरा भी करेंगे। वह 21 से 24 अगस्त तक अपनी यात्रा के दौरान अपने दक्षिण अफ्रीकी समकक्ष सिरिल रामफोसा के साथ चीन-अफ्रीका नेताओं की वार्ता की सह-अध्यक्षता करेंगे।

चीन ब्रिक्स समूह का एक मुख्य सदस्य है, जिसमें भारत, ब्राजील, रूस और दक्षिण अफ्रीका भी शामिल हैं। इस बार ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी दक्षिण अफ्रीका कर रहा है। ब्रिक्स देशों की सभी व्यावसायिक परिषदों से विभिन्न दक्षिण अफ़्रीकी क्षेत्रों में सेक्टर-केंद्रित यात्राओं में भाग लेने के लिए बड़े प्रतिनिधिमंडल लाने की उम्मीद है।

BRICS Summit

शी जिनपिंग जाएंगे दक्षिण अफ्रीका

चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने कहा, कि ब्रिक्स "अंतर्राष्ट्रीय प्रभाव बढ़ा रहा है" और चीन दक्षिण अफ्रीका के साथ मिलकर "विकास और पुनरुद्धार को आगे बढ़ाने और बहुध्रुवीय दुनिया और अंतरराष्ट्रीय संबंधों में बड़े लोकतंत्र में सकारात्मक योगदान देने" के लिए काम करना चाहता है।"

वांग ने कहा, कि "राष्ट्रपति शी जिनपिंग, सभी पक्ष प्रमुख वैश्विक चुनौतियों पर विचारों का गहन आदान-प्रदान करेंगे, अंतरराष्ट्रीय मामलों में समन्वय और सहयोग बढ़ाएंगे और आज की दुनिया में स्थिरता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करेंगे।"

इस साल की शुरुआत में, दक्षिण अफ्रीका के अंतर्राष्ट्रीय संबंध और सहयोग मंत्री नलेदी पंडोर ने प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति की पुष्टि की थी और कहा था, कि सभी सदस्य-राज्य कई प्रकार की चर्चाओं में भाग लेंगे। वहीं, राष्ट्रपति रामफोसा ने पीएम मोदी को फोन पर ब्रिक्स सम्मेलन में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया था, क्योंकि ऐसी रिपोर्ट आ रही थी, कि पीएम मोदी वर्चुअल बैठक में हिस्सा ले सकते हैं।

व्लादिमीर पुतिन नहीं जाएंगे दक्षिण अफ्रीका

इस बीच, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (आईसीसी) द्वारा उनके खिलाफ जारी गिरफ्तारी वारंट के कारण व्यक्तिगत रूप से बैठक में भाग नहीं लेंगे। अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय ने यूक्रेन में युद्ध के दौरान बेगुनाहों के खिलाफ हिंसा के लिए पुतिन के खिलाफ युद्ध अपराध का आरोप लगाया है और उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।

आपको बता दें, कि ब्रिक्स के ज्यादातर देश, यूक्रेन युद्ध पर अमेरिका और उसके पश्चिमी सहयोगियों की स्थिति से बिल्कुल अलग हैं। बैठक से पहले बोलते हुए, दक्षिण अफ़्रीकी राजदूत, अनिल सूकलाल ने यूक्रेन को पश्चिम की सैन्य सहायता को "संघर्ष को बढ़ावा देने वाली" चीजों में से एक बताया।

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2019 के बाद व्यक्तिगत रूप से आयोजित होने वाला पहला शिखर सम्मेलन है और यह ऐसे समय में हो रहा है, जब यह गुट यूक्रेन में रूस के युद्ध, दक्षिण अफ्रीका की ढहती अर्थव्यवस्था और चीन और भारत के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच नई प्रासंगिकता तलाश रहां है।

ब्राजील के विदेश मामलों के मंत्री मौरो विएरा ने कहा, कि चूंकि शिखर सम्मेलन जल्द ही आयोजित होने वाला है, और लगभग 20 देशों ने ब्रिक्स गठबंधन में शामिल होने के लिए औपचारिक रूप से आवेदन किया है, जिसमें अर्जेंटीना, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), सऊदी अरब, इंडोनेशिया, ईरान और वेनेजुएला शामिल हैं, लिहाजा इस बार की बैठक की महत्ता और बढ़ जाती है।

वहीं, ऐसी रिपोर्ट है, कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बैठक भी हो सकती है, हालांकि, अभी तक आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा गया है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+