100 नये इंटरकांटिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल साइलो बना रहा है चीन, बहुत बड़े खतरे का सैटेलाइट से खुलासा

चीन की इन तैयारियों से आशंका जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में अपनी मिसाइलों को अपनी मारक क्षमता बढ़ाकर चीन अपने दुश्मनों पर और ज्यादा हावी होने की कोशिश करेगा

बीजिंग, जुलाई 02: दुनिया पर अपना प्रभुत्व बनाने की कोशिश का सपना देखने वाला चीन इन दिनों अपनी मिसाइल क्षमता में तेजी से विस्तार कर रहा है। नये सैटेलाइट तस्वीरों से खुलासा हुआ है कि चीन अपने उत्तरी-पश्चिमी शहर युमेन के पास एक रेगिस्तान में अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइलों के लिए 100 से अधिक नए साइलो का निर्माण कर रहा है। साइलो स्टोरेज कंटेनर होते हैं, जिसके अंदर लंबी दूरी की मिसाइलें रखी जाती हैं और फिर हमला किया जाता है। साइलो में रखे गये मिसाइलों के बारे में दुश्मनों को कोई जानकारी नहीं मिल पाती है और वो दुश्मनों के लिए काफी खतरनाक साबित हो सकते हैं। अमेरिकी एक्सपर्ट्स का मानना है कि चीन की तैयारी अब अमेरिका को ध्यान में रखकर की जा रही है।

Recommended Video

    Satellite से खुलासा, 100 नए Intercontinental Ballistic Missile Silos बना रहा China | वनइंडिया हिंदी
    इंटरकांटिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल क्या हैं?

    इंटरकांटिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल क्या हैं?

    अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल यानि इंटरकांटिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल की मारक क्षमता ज्यादा होती हैं और वे एक महाद्वीप से दूसरे महाद्वीप में उड़ान भरने और हमला करने में सक्षम हैं। इनमें बैलिस्टिक मिसाइलें अपने प्रक्षेपण स्थलों से उड़ान भर सकती हैं और अंतरिक्ष में यात्रा करते हुए लक्ष्य को सफलतापूर्वक भेद सकती हैं। ये मिसाइलें पारंपरिक और परमाणु हथियारों से निशाना साध सकती हैं। चीन के पास DF-5 और DF-41 जैसी घातक मिसाइलें हैं, जो अमेरिका तक मार करने में सक्षम हैं।

    अमेरिका तक मार करने में सक्षम

    अमेरिका तक मार करने में सक्षम

    चीन की इन तैयारियों से आशंका जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में अपनी मिसाइलों को अपनी मारक क्षमता बढ़ाकर चीन अपने दुश्मनों पर और ज्यादा हावी होने की कोशिश करेगा और जाहिर तौर पर चीन की इस हरकत से भारत पर दवाब बढ़ेगा। चीन के पास कई ऐसी घातक मिसाइलें हैं, जिनका अमेरिका के ठिकानों को भी भेदने की क्षमता हासिल है। एक शीर्ष अमेरिकी जनरल ने माना है कि अमेरिका के पास अभी भी हवा में चीनी मिसाइलों को मार गिराने के लिए पर्याप्त हवाई सुरक्षा नहीं है।

    अमेरिकी रिसर्चर ने किया पर्दाफाश

    अमेरिकी रिसर्चर ने किया पर्दाफाश

    अमेरिकी अखबार द वाशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, कैलिफोर्निया में जेम्स मार्टिन सेंटर फॉर नॉनप्रोलिफरेशन स्टडीज के शोधकर्ताओं ने सैटेलाइट तस्वीरों के आधार पर खुलासा किया है कि चीन के गांसु प्रांत में सैकड़ों वर्ग मील में फैले रेगिस्तान में कई साइटों पर मिसाइल साइलो को बनाने का काम चल रहा है। है। रिसर्चर्स को 119 ऐसे निर्माण स्थल मिले हैं जहां चीन अपनी बैलिस्टिक मिसाइलों को लॉन्च करने के लिए नई सुविधाओं का निर्माण कर रहा है।

    परमाणु हथियार बढ़ा रहा है चीन

    परमाणु हथियार बढ़ा रहा है चीन

    माना जा रहा है कि अगर 100 से ज्यादा मिसाइल साइलो का निर्माण पूरा हो जाता है तो इससे चीन की परमाणु क्षमता काफी ज्यादा बढ़ जाएगी। माना जा रहा है कि चीन के पास 250 से 350 तक के परमाणु हथियारों का भंडार है। ऐसे में चीन इन साइलो को रखने के लिए और मिसाइलों का निर्माण जरूर करेगा। चीन पहले ही डिकॉय साइलो तैनात कर चुका है। आपको बता दें कि शीत युद्ध के दौरान, अमेरिका ने रूसी जासूसों से अपनी मिसाइलों को छिपाने के लिए साइलो का निर्माण शुरू किया था। इस वजह से रूसी सैन्य रणनीतिकार यह नहीं जान सके कि अमेरिकी मिसाइल के ठिकानों पर कितनी परमाणु मिसाइलें तैनात हैं। इसलिए रूस ने हमला करने का जोखिम नहीं उठाया था।

    जवाबी कार्रवाई के साइलो का निर्माण

    जवाबी कार्रवाई के साइलो का निर्माण

    चीन के परमाणु शस्त्रागार के विशेषज्ञ और रिसर्च टीम के प्रमुख शोधकर्ता जेफरी लुईस ने कहा कि चीन भी अमेरिका के ही रास्ते पर चल रहा है। इसे चीन के परमाणु हमले के जवाबी कार्रवाई को मजबूत करने के लिए भी बनाया गया है। दरअसल, परमाणु हमलों को रोकने के लिए हर देश अपने हथियार अलग रखता है। यदि कोई देश परमाणु हमला करता है, तो इन ठिकानों पर तैनात मिसाइलों को जवाबी कार्रवाई में दागा जा सकता है। मिडिलबरी इंस्टीट्यूट ऑफ नॉनप्रोलिफरेशन स्टडीज सेंटर फॉर नॉनप्रोलिफरेशन स्टडीज में ईस्ट एशिया नॉनप्रोलिफरेशन प्रोग्राम के निदेशक लुईस ने कहा कि, अगर चीन में अन्य साइटों पर निर्माणाधीन साइलो को गिनती को जोड़ा जाए, तो कुल संख्या 145 तक पहुंच जाती है। हम मानते हैं कि चीन, अमेरिकी मिसाइल सुरक्षा को मात देने के लिए पर्याप्त संख्या में अपनी मिसाइल क्षमताओं का विस्तार कर रहा है और आगे जाकर चीन दूसरे देशों पर इसके जरिए भारी दवाब बनाने का काम कर सकता है।

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+