बांग्लादेशी नेता की हिंदू धर्मग्रंथों पर आपत्तिजनक टिप्पणी, रोहिंग्याओं को हथियार थमाने की कही बात
तारेक रहमान का एक और वीडियो वायरल जिसमें वह रोहिंग्याओं को लेकर सरकार गिराने की बातें कही जा रही हैं। तारेक को यह कहते हुए सुना जा सकता है, 'हम उन्हें प्रशिक्षित करेंगे और उन्हें हथियार देंगे'।

Image: Twitter/@aminunv
बांग्लादेश में 2024 में चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में विपक्षी दलों ने धार्मिक कार्ड खेलना शुरू कर दिया है। धर्मनिरपेतक्ष शेख हसीना सरकार को घेरने के लिए खालिद जिया की बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी अब उग्रवादी तत्वों को बढ़ावा देने में लग गई है। उग्रवादी संगठन जमात-ए-इस्लामी के प्रमुख नुरुल हक नूर और उसके सहयोगी तारेक रहमान ने हिंदू अल्पसंख्यकों पर हमला करते हुए मौजूदा सरकार पर निशाना साधा है। इन संगठनों को पर्दे के पीछे से खालिद जिया का समर्थन मिल रहा है।
हिन्दुओं के खिलाफ नफरती बयान तेज
जमात-ए-इस्लामी के सहयोगी संगठनों के बांग्लादेशी अल्पसंख्य हिंदू और भारत को खिलाफ नफरत भरे बयान तेज हो गए हैं। बांग्लादेश गोनो अधिकार परिषद के नेता और नुरुल हक नूर के सहयोगी तारेक रहमान ने हिंदुओं के प्रति घृणा फैलाते हुए एक फेसबुक लाइव में कहा है कि हिंदू धर्म के ग्रंथ कोई नैतिक शिक्षा नहीं देते हैं। इसके साथ ही तारेक रहमान ने हिन्दू धार्मिक ग्रंथों को अश्लील बताया है। फेसबुक पर तारेक रहमान का बयान वायरल है।
रोहिंग्याओं को हथियार थमाने की कही बात
इतना ही नहीं तारेक रहमान का एक और वीडियो वायरल जिसमें वह रोहिंग्याओं को लेकर सरकार गिराने की बातें कही जा रही हैं। तारेक को यह कहते हुए सुना जा सकता है, 'हम उन्हें प्रशिक्षित करेंगे और उन्हें हथियार देंगे'। दरअसल, जमात-ए-इस्लामी का नुरुल हक नूर पर्दे के पीछे से बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी का समर्थन कर रहा है और सरकार को उखाड़ फेंकने की बात कर रहा है। बांग्लादेश के स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक तारेक रहमान का वीडियो वायरल होने के बाद अब तक 2 रोहिंग्या नेताओं की हत्या की जा चुकी है।
सरकार को हटाने की साजिश
तारिक रहमान वीडियो में अपने साथी नूर का बचाव करते भी देखा जा सकता है। दरअसल नुरुल हक नूर पर आरोप है कि उसने 'मेंदी सफादी' नाम के एक व्यक्ति के साथ एक गुप्त बैठक आयोजित की है। सफादी को इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद का एक एजेंट माना जाता है। नूर पर सफादी संग मिलकर संयुक्त अरब अमीरात में आपराधिक साजिश रचने के आरोप में 'राजद्रोह' की शिकायत दर्ज है। शिकायत में कहा गया है, 'ऐसा लगता है कि नूरूल बांग्लादेश में चुनी हुई सरकार को सत्ता से बेदखल करने की साजिश में शामिल है।'
पत्रकारों को भी दी चेतावनी
ऐसा कहा जाता है कि 2021 में दुर्गा पूजा के दौरान देश भर में हिन्दूओं पर किए गए भयानक हमलों में नूरूल भी संलिप्त था। कथित तौर पर सऊदी अरब में रह रहे नूरूल ने एक फेसबुक लाइव में बोलते हुए पत्रकारों को 'सुधरने' की चेतावनी दी है। नूर ने पत्रकारों को सत्ता का गुलाम बताया है। उसी वीडियो में नूर ने पत्रकारों को चेतावनी दी थी कि वे उनके 'मिशन' पर सवाल न उठाएं। फेसबुक पर शेखी बघारते हुए वह कहता है कि वह मोसाद के साथ मिलकर सरकार गिराने की साजिश रच रहा है।












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