Indore news: बाढ़ में नाव से गर्भवती तक पहुंची मेडिकल टीम, सफल डिलीवरी कराने पर कलेक्टर करेंगे सम्मान
प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में पिछले दिनों भारी बारिश ने तबाही मचाई थी, जहां इस बारिश में रेस्क्यू और मेडिकल टीम की तत्परता का सकारात्मक उदाहरण देखने मिला था, जब मेडिकल टीम ने मोटर बोट की सहायता से गर्भवती महिला तक पहुंचकर डिलीवरी कराई थी। वहीं मेडिकल टीम के जज्बे की सराहना करते हुए ग्रामीणों ने ताली बजाकर टीम का उत्साहवर्धन किया था।
इधर, कलेक्टर इलैया राजा टी ने मेडिकल टीम के जज्बे की सराहना की है। वहीं अब आने वाले दिनों में टीम के सदस्यों को सम्मानित भी किया जा सकता है।

मानवता और मुस्तैदी की अनूठी मिसाल
कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी के सजग व संवेदनशील मार्गदर्शन में एसडीईआरएफ, होमगार्ड एवं सिविल डिफेन्स ने मानवता और मुस्तैदी की अनूठी मिसाल प्रस्तुत की है। एसडीईआरएफ, होमगार्ड एवं सिविल डिफेन्स ने ढेर सारे रेस्क्यू के बीच तहसील सांवेर में पानी से घिरे ग्राम गवला में एक गर्भवती महिला एवं नवजात शिशु की जान बचाई थी। अमले को सूचना प्राप्त हुई थी कि एक गर्भवती महिला पानी में फंसी हुई हैं। मुस्तैदी के साथ राहत एवं बचाव कार्य करते हुए मोटर बोट से मेडिकल टीम को गांव भेजा गया, जहाँ डिलीवरी के बाद बालक का जन्म हुआ। जच्चा, बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। बच्चे को परिवार को सुपुर्द कर मेडिकल टीम मोटर बोट से वापिस मुख्यालय रवाना हुई।
200 लोगों की बचाई जान
इंदौर में पिछले दो दिनों तक बारिश का सिलसिला लगातार जारी रहा। जिले में राहत एवं बचाव के कार्य तेजी से किए गए। कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी के निर्देश में प्रशासन, राजस्व, होमगार्ड और एसडीईआरएफ के दल मुस्तैदी से राहत एवं बचाव कार्य में लगी हुई थी। होमगार्ड और एसडीईआरएफ के अमले ने सजगता से कार्रवाई करते हुए पानी में फंसे 200 से अधिक लोगों की जाने बचायी है। फिलहाल, जिले में बारिश का सिलसिला थमा हुआ है, जिससे राहत महसूस की जा रही है। वहीं अब राहत और बचाव कार्य में अग्रणी भूमिका निभाने वाले लोगों को कलेक्टर सम्मानित करेंगे।
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