मायावती ने महागठबंधन पर तोड़ी चुप्पी, बोलीं- ये शर्त नहीं पूरी हुई तो अकेले लड़ेगी बसपा
लखनऊ। 2019 लोकसभा चुनाव में महागठबंधन पर लंबे समय से चुप्पी साधे बैठीं बसपा सुप्रीमो मायावती ने आखिरकार अपनी बात कही। रविवार को लखनऊ स्थित नए घर में शिफ्ट होने के बाद मायावती ने कहा कि हम महागठबंधन के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन यह तभी संभव होगा जब सम्माजनक सीटें मिलेंगी। मायावती ने बबुआ अखिलेश यादव का स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि बसपा न केवल प्रदेश में बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी महागठबंधन के पक्ष में है, लेकिन सम्मानजनक सीटें नहीं मिलीं तो उनकी पार्टी अकेले ही चुनाव लड़ेगी। मायावती ने कहा कि अकेले लड़ने के लिए भी उनकी पार्टी की पूरी तैयारी है।

बसपा सुप्रीमो ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि 2014 लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी का प्रदर्शन अन्य दलों से काफी बेहतर था। मायावती ने बताया कि बसपा का वोट प्रतिशत काफी अधिक था और उनकी पार्टी ने भाजपा का डटकर मुकाबला किया था।
मायावती ने अपने नए बंगला के लिए बीजेपी को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि न वे मुझे फंसाते और न मेरे पास बंगला आता। मायावती ने कहा कि भाजपा ने मुझे परेशान किया तो मेरे साथ खड़े लोगों ने मेरे लिए गिफ्ट दिया और फिर मैंने दिल्ली और लखनऊ में बंगला बनाया। उन्होंने कहा कि मेरे सत्ता से हटने के बाद मेरे खिलाफ ताज प्रकरण मामले में मुझे फंसाया गया। सीबीआई का दुरुपयोग कर फर्जी केस दर्ज कराया गया। उन्होंने कहा, 'मैं कभी कुर्सी के पीछे नहीं भागी। मैं तो भाजपा के सहयोग से चल रही सरकार की कुर्सी से हट गई थी।'
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद पूर्व मुख्यमंत्री के रूप में आवंटित सरकारी आवास खाली करने के बाद मायावती ने लखनऊ में नए घर में प्रवेश किया है। मायावती यहीं पर नहीं रुकीं, उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि मायावती ने कहा कि कोर्ट कचहरी में दलितों की मदद करने वाले वकील और एनजीओ के साथ भी भाजपा सरकार अन्याय कर रही है।
मायावती ने कहा कि उत्तर प्रदेश सहित अन्य भाजपा शासित राज्यों में गौ-रक्षा के नाम पर मॉब लिंचिंग लोकतंत्र को कलंकित कर रही है। भाजपा ने सिर्फ सुनहरे दिनों के सपने दिखाकर पूंजीपतियों का भला किया। भाजपा के जीएसटी से व्यापारी परेशान हुए हैं। अब तो देश में रोजगार का महासंकट व्याप्त है। डीजल व पेट्रोल की कीमतों से देश की परिवहन व्यवस्था चरमरा गई है। इससे पहले इनकी नोटबंदी से अर्थव्यवस्था नीचे चली गई। रुपये की कीमत लगातार गिर रही है।
मायावती ने कहा कि मोदी सरकार ने देश में नोटबंदी कर आपातकाल लगाया। इसमें 100 से अधिक निर्दोषों की जान चली गई। नोटबंदी के निर्णय को आरबीआई ने खारिज कर दिया है। अब तो पता चल गया कि नोटबंदी राष्ट्रीय त्रासदी साबित हुई है।












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