1178 अकाउंट ब्लॉक करने के नोटिस पर ट्विटर ने सरकार को भेजा ये जवाब
भारत सरकार द्वारा माइक्रो-ब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म ट्विटर को भेजे गए नोटिस, जिसमें ऐसे 1,178 खातों को ब्लॉक करने को कहा गया था जो गलत सूचना फैलाकर लोगों को भड़काने का कार्य कर रहे हैं।, का ट्विटर ने जवाब दिया है।
नई दिल्ली। भारत सरकार द्वारा माइक्रो-ब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म ट्विटर को भेजे गए नोटिस, जिसमें ऐसे 1,178 खातों को ब्लॉक करने को कहा गया था जो किसान विरोध से जुड़ी गलत सूचना फैलाकर लोगों को भड़काने का कार्य कर रहे हैं।, का 24 घंटे के भीतर ट्विटर ने जवाब दिया है। अमेरिकी आधारित कंपनी ट्विटर के प्रवक्ता ने कहा, "ट्विटर पर हमारे कर्मचारियों की सुरक्षा हमारी पहली प्राथमिकता है। हम भारत सरकार के साथ सम्मान की स्थिति से जुड़े हैं और औपचारिक बातचीत के लिए इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री के संपर्क में हैं।" ट्विटर ने भारत सरकार से गैर-अनुपालन नोटिस प्राप्त करने की बात भी स्वीकार की है।

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सूत्रों के मुताबिक सरकार ने ट्विटर से 1,178 सूचीबद्ध पाकिस्तानी और खालिस्तानी उपयोगकर्ताओं को हटाने के लिए कहा था। इसके जवाब में ट्विटर ने अपने ताजा बयान में कहा, "हम दृढ़ता से मानते हैं कि सूचना के खुले और मुक्त आदान-प्रदान का सकारात्मक वैश्विक प्रभाव पड़ता है, और ट्वीट्स का प्रवाह जारी रहना चाहिए।" इससे पहले इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने 31 जनवरी को ट्विटर को इसी तरह के अन्य मामलों के लिए 257 ट्विटर हैंडल को हटाने के लिस्ट भेजी थी, जिन्हें ट्विटर ने ब्लॉक कर दिया था। इसके बाद 4 फरवरी को किसान आंदोलन के बीच मंत्रालय ने पाकिस्तान और खालिस्तान का समर्थन करने वाले ट्विटर हैंडल की एक अन्य सूची जारी की।
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सूत्रों के मुताबिक इनमें से कई ऐसे खाते थे जो स्वचालित थे और जिनका प्रयोग किसानों के विरोध प्रदर्शन पर गलत सूचना और उत्तेजक सामग्री को साझा करने और बढ़ाने के लिए उपयोग किए जा रहा था। आपको बता दें कि कुछ दिनों पहले, ट्विटर के सीईओ जैक डोर्सी ने किसान विरोध प्रदर्शनों के समर्थन में विदेशी-आधारित हस्तियों द्वारा किए गए कई ट्वीट को लाइक किया था। इसे देखते हुए, खातों को ब्लॉक करने के सरकार के आदेश की ट्विटर की अवहेलना कई सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत सरकार के निवेदन की लगातार अवहेलना ट्विटर को काफी महंगी पड़ सकती है। देश में ऐसे मामलों से निपटने के लिए कई कड़े कानून हैं। उन्होंने कहा कि एक टूलकिट के सामने आने के बाद यह स्पष्ट हो चुका है कि तनाव से जुड़ी सामग्री को प्रसारित करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट और पाकिस्तान जैसे देशों की भागीदारी है। स्वतंत्र भाषण क्या है यह तय करने वाला ट्विटर कौन होता है।
संयुक्त राज्य अमेरिका और जापान के बाद भारत ट्विटर के लिए तीसरा सबसे बड़ा बाजार है। ट्विटर के देश में लाखों उपयोगकर्ता हैं, जिनमें प्रमुख अभिनेता, खिलाड़ी, सरकारी अधिकारी और शीर्ष राजनेता शामिल हैं। गौरतलब है कि ट्विटर पर लगातार फैलाई जा रही अफवाहों को लेकर पिछले दिनों 250 से अधिक अकाउंट को बंद कराया गया था 26 जनवरी से पहले हिंसा की आशंका को लेकर गृहमंत्रालय के आदेश के बाद 300 से अधिक ऐसे ट्विटर अकाउंट की पहचान की गई थी जिन्हें पाकिस्तान से अफवाह फैलाने के लिए संचालित किया जा रहा था।












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