Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

त्रिपुरा की जंग में ये 'राजा' बन सकता है किंगमेकर! जानें कौन हैं प्रद्योत देबबर्मा?

प्रद्योत देबबर्मा की दो साल पुरानी पार्टी ने आदिवासियों के हकों के लिए राज्य में आक्रामक अभियान चला रखा है।

TMC chief Pradyot Bikram Manikya Deb Barma May Play Kingmaker in tripura elections

Pradyot Bikram Manikya Deb Barma, उत्तर पूर्वी राज्य त्रिपुरा में इस सप्ताह के अंत में विधानसभा चुनाव होना है। राज्य में बीजेपी सत्ता में है। जिसके सामने अपना सिंहासन बचाने की चुनौती है। तो वहीं दूसरी ओर वाम दल सत्ता में फिर से वापसी करने की कोशिश कर रहा है। इसी सब के बीच राज्य में एक नया चेहरा उभर है। ये नया चेहार पूर्व शाही वंशज प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देबबर्मा हैं। माना जा रहा है कि, वह इस चुनाव में किंगमेकर की भूमिका निभा सकते हैं।

टिपरा मोथा पार्टी के चीफ हैं प्रद्योत देबबर्मा

टिपरा मोथा पार्टी के चीफ हैं प्रद्योत देबबर्मा

टिपरा मोथा पार्टी (टीएमपी) के प्रमुख प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देब बर्मा आदिवासियों के लिए अलग से 'ग्रेटर टिपरालैंड' राज्य की मांग कर रहे हैं। इस मामले को लेकर वह चुनावी मैदान में उतरे हैं। जो इस समय त्रिपुरा में काफी बड़ा मामला बन गया है। प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देबबर्मा की टीएमपी त्रिपुरा जनजातीय क्षेत्र स्वायत्त जिला परिषद (टीटीएएडीसी) को पूर्ण राज्य का दर्जा देने की मांग करती रही है।

आदिवासियों के सबसे मजबूत नेता बनकर उभरे हैं

आदिवासियों के सबसे मजबूत नेता बनकर उभरे हैं

इसका असर ये है कि वे राज्य में आदिवासियों के सबसे मजबूत नेता बनकर उभरे हैं। पार्टी ने 42 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। पार्टी ने 20 उम्मीदवार आदिवासी आरक्षित सीटों पर और शेष सामान्य और अनुसूचित जाति आरक्षित सीटों पर उतारे हैं। 2019 में कांग्रेस से अलग होने के बाद प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देबबर्मा ने ‘ग्रेटर टिपरालैंड' की मांग रखते हुए अलग पार्टी बना ली। इसका नाम टिपरा मोथा रखा।

प्रद्योत देबबर्मा की दो पार्टी साल पुरानी है

प्रद्योत देबबर्मा की दो पार्टी साल पुरानी है

प्रद्योत देबबर्मा की दो साल पुरानी पार्टी ने आदिवासियों के हकों के लिए राज्य में आक्रामक अभियान चला रखा है। बता दें कि राज्य की आबादी का लगभग 32 प्रतिशत है। जिनका राज्य की 20 सीटों पर अच्छी खासी संख्या है। पार्टी इस बार कुल 60 सीटों में से 42 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। इसे आदिवासी इलाकों में सबसे मजबूत राजनीतिक ताकत के रूप में देखा जा रहा है। टीएमपी ने 2021 त्रिपुरा आदिवासी परिषद चुनाव में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सत्तारूढ़ बीजेपी को हराया था।

42 सीटों पर चुनाव लड़ रही है पार्टी

42 सीटों पर चुनाव लड़ रही है पार्टी

इस बार के चुनाव में प्रद्योत देब बर्मा का नारा है - चीनी हा, चीनी शासन - जिसका अर्थ है, ‘हमारी जमीन-हमारा शासन'। बुबगरा के राजा प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा की पकड़ का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि, बुधवार को उनके द्वारा एक रैली में श्शश.. बोलने भर से मैदान में सन्नाटा छा गया। त्रिपुरा में 2 साल पहले तक आठ से अधिक आदिवासी दल थे। प्रद्योत के प्रवेश ने लड़ाई को इनमें से दो टीएमपी और आईपीएफटी तक सीमित कर दिया है। सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)-आईपीएफटी गठबंधन के साथ मैदान में है।

प्रद्योत त्रिपुरा के राजशाही परिवार के प्रमुख हैं

प्रद्योत त्रिपुरा के राजशाही परिवार के प्रमुख हैं

प्रद्योत त्रिपुरा के राजशाही परिवार के प्रमुख हैं। इनका जन्म चार जुलाई 1978 को दिल्ली में हुआ। प्रद्योत त्रिपुरा के 185वें राजा किरीट बिक्रम किशोर देबबर्मा और महारानी बीहूबी कुमारी देवी के बेटे हैं। प्रद्योत की पढ़ाई शिलॉन्ग में हुई है। प्रद्योत के पिता राजा किरीट बिक्रम किशोर देबबर्मा तीन बार लोकसभा के सांसद और मां दो बार विधायक रह चुकी हैं। प्रद्योत 2019 तक कांग्रेस में थे। अब वे अलग पार्टी बनाकर मैदान में हैं।

Recommended Video

    Tripura Election 2023: Agartala की सड़कों पर उतरीं CM Mamaata Banerjee,किया रोड शो | वनइंडिया हिंदी

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+