उम्मीदें अभी बाकी है: शिवसेना को लगता है बीजेपी मान जायेगी
मुंबई। बुधवार का दिन महाराष्ट्र के लिए काफी अहम है क्योंकि इस दिन ही फड़नवीस की सरकार को विधानसभा में अपना बहुमत सिद्ध करना है। लगातार बीजेपी पर अपनी मनमानी थोपने वाली शिवसेना ने हालांकि मंगलवार को फैसला कर लिया कि वो विपक्ष में बैठेगी लेकिन अभी भी ऐसे आसार दिख रहे हैं कि उसकी उम्मीदें बीजेपी की ओर से खत्म नहीं हुई हैं।
क्योंकि मंगलवार को शिवसेना ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ सुलह और राज्य में सत्ता साझेदारी को लेकर आशा जाहिर की है। पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने मीडिया से कहा है कि सत्ता साझेदारी को लेकर बातचीत चल रही है।
शिवसेना अपने 63 विधायकों को अपनी पार्टी में बनाए रखने की चुनौती का सामना भी कर रही है, जिनमें से कुछ को भाजपा कथित रूप से अपनी पार्टी में मिलाने की कोशिश कर रही है। शिवसेना के विपक्ष में बैठने के फैसले से भाजपा प्रभावित नजर नहीं आई, क्योंकि इसके अल्पमत सरकार को तत्काल कोई खतरा नजर नहीं आ रहा। बीजेपी को एनसीपी को समर्थन मिलने की बात हो चुकी है इसलिए बीजेपी किसी भी सूरत में झुकने को तैयार नहीं है।
उम्मीदें अभी बाकी है: शिवसेना को लगता है बीजेपी मान जायेगी
राजस्व मंत्री एकनाथ खड़से ने सोमवार शाम कहा था, "यह शिवसेना का फैसला है। हम इससे चिंतित नहीं हैं, क्योंकि कई विधायकों ने हमें समर्थन देने का भरोसा दिया है। हमें बहुमत साबित करने के लिए पर्याप्त विधायकों का समर्थन है।"
विधानसभा में बुधवार को भाजपा को बहुमत साबित करने के लिए 144 विधायकों के समर्थन की आवश्यकता होगी, जिसके बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस छह महीने तक आसानी से सरकार चला सकेंगे।इसके साथ ही भाजपा को शिवसेना, कांग्रेस और राकांपा से संभवत: अलग होने वाले विधायकों का साथ पाने के लिए रणनीति तय करने का समय मिल सकता है।
खैर यह राजनीति का मंच है और यहां कुछ भी हो सकता है इसलिए हो सकता है कि आज रात से कल सुबह तक के बीच में राजनैतिक समीकरण बदल जाये।













Click it and Unblock the Notifications