अमित शाह बोले- डकैत था गब्बर सिंह, पकौड़े बेचना बेरोजगारी से अच्छा
नई दिल्ली। बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने सोमवार को राज्यसभा में सांसद के तौर पर अपना पहला भाषण दिया। इस दौरान उन्होंने उस हर मुद्दे पर बात की, जिसकी इन दिनों सोशल मीडिया से लेकर संसद तक खूब चर्चा हो रही है। अमित शाह ने अपने पहले भाषण में हमेशा की तरह कांग्रेस पर जमकर निशाना और पकौड़े व गब्बर सिंह टैक्स पर भी पलटवार किया।

बेरोजगारी से तो पकौड़े बेचना कहीं ज्यादा अच्छा
राज्यसभा सांसद अमित शाह ने अपने भाषण में कहा कि करोड़ों युवा जो छोटे-छोटे स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं, पकौड़ा बना रहे हैं, आप उसकी तुलना भिखारी से कर रहे हैं। उन्होंने सवाल पूछा कि यह किस प्रकार की मानसिकता है? पकौड़ा बनाना कोई शर्म की बात नहीं है। कोई बेरोजगार पकौड़ा बना रहा है। उसकी दूसरी पीढ़ी आगे आएगी। जैसे एक चायवाला पीएम बनकर सदन में बैठा है। अमित शाह ने कहा कि बेरोजगारी से तो अच्छा है कि कोई युवा पकोड़े बना कर आजीविका कमाए।
अमित शाह बोले- मैं नहीं पैदा हुआ गरीब के घर
अमित शाह ने आगे कहा कि मैं गरीब घर में पैदा नहीं हुआ, लेकिन मैंने गरीबी देखी है। उन्होंने कहा कि वाम दलों के समर्थन वाली कांग्रेस सरकार ने भी इतना न्यूनतम वेतन नहीं बढ़ाया था, जितना इस सरकार ने बढ़ाया है। हर गरीब के घर में बिजली पहुंचाना, स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना, शौचालय पहुंचाना, रोजगार पहुंचाना... इसी लिए तो हमारे महानुभवों ने आजादी की लड़ाई लड़ी थी और मुझे गर्व है कि ये सरकार इस दिशा में आगे बढ़ रही है।
गब्बर सिंह टैक्स पर अमित शाह का पलटवार
अमित शाह ने कहा कि दुनिया में सबसे बड़ा जो आर्थिक सुधार हुआ है, वह भारत में GST के रूप में हुआ है। भारतीय जनता पार्टी ने कभी GST का विरोध नहीं किया था बल्कि इसके तरीकों का विरोध किया गया था। GST को गब्बर सिंह टैक्स बताया, गब्बर सिंह एक डकैत था। उन्होंने सवाल पूछा- कानून से बना हुआ टैक्स डकैत है क्या? और इससे मिला पैसा वन रैंक, वन पेंशन जैसी योजनाओं में जाता है, किसी गरीब के घर में चूल्हा जलाने के लिए जाता है।












Click it and Unblock the Notifications