Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

कभी 12,000 करोड़ थी नेटवर्थ, आज किराए पर रहने को मजबूर हैं रेमंड के पूर्व मालिक

कंबल बेचने वाली छोटी सी फैक्ट्री को रेमंड जैसा ब्रांड बनाने वाले विजयपत सिंघानिया आज किराए के घर में अपनी जिंदगी गुजार रहे हैं। किसने सोचा था कि कभी अंबानी से भी ज्यादा नेटवर्थ वाले विजयपत की आज ऐसी हालत हो जाएगी। उन्हें पाई पाई का मोहताज बनाया है बेटे विजय सिंघानिया ने। जी हां! ये बात खुद विजयपत ने कई बार बोली है।

हैरत की बात है कि जिस शख्स ने रेमंड के फर्श से अर्श तक का सफर करवाया, वो आज खुद मुश्किल समय में अपना वक्त गुजार रहे हैं। कभी अपने प्राइवेट प्लेन में वे उड़ा करते थे लेकिन आज उनके पास खुद की एक गाड़ी तक नहीं है। विजयपत ने 12,000 करोड़ रुपये की दौलत अपने बेटे के नाम कर जिंदगी की सबसे बड़ी गलती की। चलिये बात करते हैं अर्श से फर्श तक पहुंचे विजयपत सिंघानिया की...

vijaypat singhania

कैलाश सिंघानिया ने साल 1980 में विजयपत सिंघानिया के हाथों में रेमंड की कमान सौंपी। इसके बाद विजयपत ने बखूबी ये जिम्मेदारी संभाली और फिर बस इसे अर्श तक पहुंचाने का सिलसिला जारी रहा। साल 1990 में विजयपत ने पहली बार भारत में अपना शोरूम खोला।

इसके बाद साल 2015 में उन्होंने अपने बेटे गौतम सिंघानिया के हाथों में कंपनी की कमान सौंप दी। अपने सारे शेयर बेटे के नाम ट्रांसफर कर दिये। शायद ये उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती थी। उस समय शेयरों की कीमत 1000 करोड़ रुपये थी। इसके बाद से ही बेटे ने ऐसा रंग दिखाया कि दोनों का रिश्ता सुधरने की बजाय बिगड़ने लगा।

घर को लेकर विवाद ऐसा बढ़ा कि बेटे ने बाप को ही घर से बेदखल कर दिया। मुंबई के पॉश इलाके में आलीशान जेके हाउस से विजयपत को निकालकर किराए के घर पर रहने के लिए मजबूर कर दिया।

रेमंड के फाउंडर विजयपत सिंघानिया खुद इस बात को स्वीकार कर चुके हैं कि उन्होंने सारा बिजनेस बेटे के नाम कर बहुत बड़ी गलती की। बेटे ने न सिर्फ घर बल्कि अपने पिता से कार और फिर ड्राइवर तक छीन लिया। मुंबई मिरर की रिपोर्ट के मुताबिक पिता विजयपत ने मालाबार हिल्स में अपने ड्यूपलेक्स घर पर अपना अधिकार मांगा था, बस तभी से दोनों के बीच का विवाद बढ़ता ही चला गया।

अब विजयपत ने एक इंटरव्यू में अपने बेटे को लालची और घमंडी बताया है। उन्होंने कहा कि उनका बेटा उन्हें सड़क पर देखकर खुश होता है। बेटे को सारी संपत्ति सौंपना उनकी सबसे बड़ी गलती थी।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+