गुजरात और हिमाचल का सर्वे, दरअसल कहता क्या है, खास रिपोर्ट
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नई दिल्ली। गुजरात और हिमाचल प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव करीब हैं। भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस समेत सभी दल मेहनत कर रहे हैं। गौरतलब है कि चुनाव आयोग ने हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव कराने का कार्यक्रम 13 अक्टूबर को ही घोषित कर दिया था। जबकि गुजरात विधानसभा चुनाव के लिए तारीखों के ऐलान आज किया गया। गुजरात में चुनाव दो चरणों में होगा जिसमें पहले चरण का मतदान 9 दिसंबर और दूसरे चरण का मतदान 14 दिसंबर को किया जाएगा। इन दोनों राज्यों के चुनाव परिणाम 18 दिसंबर को एक साथ आएंगे। हालांकि दोनों राज्यों के चुनावों के लिए तारीखों के ऐलान में की गई देरी से विपक्ष खासा नाराज है और उसने आयोग पर आरोप भी लगाए। हालांकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात की एक रैली में चुनाव आयोग का बचाव किया। इन सबके बीच एक सर्वे में यह सामने आया है। यह सर्वे इंडिया टुडे ग्रुप और AXIS MY India ने किया है। बता दें कि गुजरात में जहां कुल 182 विधानसभा सीटें हैं वहीं 68 सीटें हिमाचल विधानसभा में।

गुजरात में फिर से भाजपा!
इंडिया टुडे ग्रुप और AXIS MY India के सर्वे में यह सामने आया है कि गुजरात में भाजपा की सरकार बन सकती है। यह सर्वे 25 सितंबर से 15 अक्टूबर के बीच सभी 182 सीट पर किए गए सर्वे में 18,243 लोग शामिल कए गए। अनुमान लगाया है कि भाजपा को 48 फीसदी, कांग्रेस+अल्पेश ठाकोर+जिग्नेश मेवाणी को 38 फीसदी , हार्दिक समर्थित पार्टी को 2 फीसदी और अन्य जिसमें सर्वेक्षण कर्ता ने वाघेला समर्थित दल और आम आदमी पार्टी को शामिल किया है, उन्हें 12 फीसदी वोट मिलने की संभावना जताई गई है। सर्वे में संभावना जताई गई है कि कांग्रेस जिसमें अल्पेश ठाकोर और जिग्नेश मेवाणी को 57-65 सीट, भाजपा को 115 से 125 सीट, अन्य (वाघेला समर्थित दल और आम आदमी पार्टी) को 3 और हार्दिक पटेल समर्थित पार्टी 0 सीट मिल सकती हैं।

गुजरात ने माना नोटबंदी फेल!
सर्वे में नोटबंदी पर 44 फीसदी लोगों ने माना इससे गुजरात को फायदा हुआ जबकि 53 फीसदी लोगों का कहना है कि इससे गुजरात को फायदा नहीं हुआ। वहीं 3 फीसदी लोगों ने इस पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। सर्वे में यह सवाल भी था कि क्या मोदी के पीएम बनने से फायदा हुआ जिस पर 66 फीसदी लोगों ने हां, 31 फीसदी ने नही और 3 फीसदी लोगों इस पर टिप्पणी नहीं की। वहीं GST से 38 फीसदी लोग संतुष्ट हैं, 51 फीसदी असंतुष्ट और 11 फीसदी ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की।

सीएम के मुद्दे पर लोगों की यह है राय
सीएम के सवाल पर सर्वे में सामने आया कि भाजपा के विज रूपानी को 34फीसदी, कांग्रेस के शक्ति सिंह गोहिल को 19फीसदी, कांग्रेस के भरत सिंह सोलंकी को 11फीसदी भाजपा के अमित शाह के 10फीसदी पाटीदार नेता हार्दिक पटेल को 6फीसदी और भाजपा की ही आनंदी बेन को 5फीसदी लोग बतौर सीएम देखना पसंद करते हैं। राज्य में महंगाई-31फीसदी,रोजगार-24 फीसदी. विकास-16 फीसदी. सड़क-9 फीसदी, पानी-6 फीसदी, कृषि- 4 फीसदी और बिजली-3 फीसदी मुद्दा है।

हिमाचल से कांग्रेस गायब
इंडिया टुडे ग्रुप और AXIS MY India ने चुनावी राज्य हिमाचल प्रदेश में सर्वे किया। यहां 25 सितंबर से 8 अक्टूबर के बीच सभी 68 सीटों पर सर्वे किया गया है। इस सर्वे के अनुसार भारतीय जनता पार्टी को 43-47 सीटें मिल और कांग्रेस को 21-25 सीटें मिलने का अनुमान है। सर्वे के मुताबिक भाजपा को 49 फीसदी , कांग्रेस को 38 फीसदी और अन्य को 13 फीसदी वोट मिल सकते हैं।

वीरभद्र सिंह को सीएम चाहता है हिमाचल
सर्वे में बीजेपी आगे दिख रही है लेकिन सीएम चेहरे के रूप में लोगों की पहली पसंद अब भी वीरभद्र सिंह ही बने हुए हैं। इस सर्वे के अनुसार 31 फीसदी लोग वीरभद्र सिंह को मुख्यमंत्री चाहते हैं जबकि 24 फीसदी ही बीजेपी के जेपी नड्डा को सीएम बनाना चाहते हैं। बीजेपी के प्रेम कुमार धूमल को 16 फीसदी लोगों ने पसंद किया है।

हिमाचल में नोटबंदी पास
वहीं नोटबंदी के मुद्दे पर 59 फीसदी सरकार के साथ हैं और 41 फीसदी खिलाफ। 48 फीसदी लोगों ने पीएम मोदी के काम को अच्छा बताया है और 52 फीसदी का मानना है कि उनका काम सही नहीं रहा।












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