CAG की रिपोर्ट के बाद ओडिशा सरकार ने वन के लिए 26 हजार से अधिक एकड़ भूमि की पहचान की
नवीन सरकार ने नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट के बाद पौधारोपण को बढ़ाने का फैसला किया है। राज्य के राजस्व विभाग ने प्रतिपूरक वनीकरण के उद्देश्य से 26496 एकड़ से अधिक अवक्रमित वन भूमि की पहचान की है।
भुवनेश्वर, 05 अगस्त : नवीन सरकार ने नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट के बाद पौधारोपण को बढ़ाने का फैसला किया है। राज्य के राजस्व विभाग ने प्रतिपूरक वनीकरण के उद्देश्य से 26496 एकड़ से अधिक अवक्रमित वन भूमि की पहचान की है। नियंत्रक और महालेखा परीक्षक ने नवीन के नेतृत्व वाली सरकार पर पिछले कई वर्षों 2013 से 2018 के लिए पौधारोपण लक्ष्य हासिल करने में विफल रहने को लेकर रिपोर्ट तैयार की है।

कैग की रिपोर्ट के तीन दिन बाद नवीन सरकार ने कमर कसी है। नवीन सरकार ने पौधरोपण के लिए विभिन्न जिलों में भूमि की पहचान की है। कहा कि जल्द ही नए पौधे लगाकर वन तैयार किया जाएगा।
एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने कहा कि चूंकि संबंधित विभागों के लिए प्रतिपूरक वनरोपण के लिए समान आकार की निजी भूमि खरीदना संभव नहीं है, इसलिए राजस्व विभाग ने इस उद्देश्य के लिए विभिन्न जिलों में भूमि की पहचान की है। मुख्य सचिव ने हाल ही में अवसंरचना से संबंधित विभिन्न विभागों को क्षतिग्रस्त राजस्व वन भूमि का उपयोग प्रतिपूरक वनरोपण के लिए करने को कहा है।
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