• search

अमरनाथ मंदिर में पर्यावरण सुरक्षा के लिए एनजीटी ने बनाई कमेटी, दिए ये निर्देश

Posted By:
Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    नई दिल्ली। एनजीटी ने अमरनाथ मंदिर में पर्यावरण की सुरक्षा और श्रद्धालुओं की मूलभूत सुविधाओं के लिए एक कमेटी गठित की है। साथ ही अमरनाथ मंदिर के आसपास के इलाके को 'साइलेंस जोन' घोषित करने का सुझाव दिया है। वहीं एनजीटी ने ये भी कहा है कि भगवान शंकर को चढाए जाने वाले नारियल पर भी रोक लगाई जानी चाहिए। एनजीटी ने ये भी पूछा है कि जब सुप्रीम कोर्ट ने 2012 में उस क्षेत्र को सबसे सुरक्षित क्षेत्र घोषित किया था तो आजतक उस आदेश का पालन अभी तक क्यों नहीं हुआ।

    अमरनाथ मंदिर में पर्यावरण सुरक्षा के लिए एनजीटी ने बनाई कमेटी, दिए ये निर्देश

    एनजीटी ने अमरनाथ श्राइन द्वारा बनाई गई पर्यावरण सुरक्षा कमेटी से यह भी पूछा है कि श्राइन के आस पास बनी दुकानें और टॉयलेट अभी तक क्यों नहीं हटाए गए हैं। इससे पहले एनजीटी ने वैष्णो देवी दर्शन करने जाने वाले श्रद्धालुओं को लेकर आवश्यक निर्देश जारी किए थे जिसके मुताबिक, मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए एक दिन में अब केवल 50 हजार श्रद्धालु ही कटरा से ऊपर जा सकेंगे।

    वैष्णो देवी के दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए एनजीटी ने यह कदम उठाया। इस आदेश के पीछे सबसे बड़ी वजह लोगों की सुरक्षा भी है। गौरतलब है कि वैष्णो देवी मंदिर के दरबार में 50 हजार लोगों की ही क्षमता है।

    गुजरात विधानसभा चुनाव 2017: भाजपा नहीं कर सकेगी 'पप्पू' शब्द का इस्तेमाल, चुनाव आयोग ने लगाई रोक

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    NGT appoints committee to look into environment protection & infrastructure for pilgrims at Amarnath Shrine

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more