Mizoram Election 2023: मिजोरम में शाम 5 बजे तक 77% से ज्यादा मतदान, कुछ सीटों पर हुई भारी वोटिंग
मिजोरम विधानसभा चुनाव के लिए मंगलवार को मतदान का काम पूरा हो गया है। यहां की 40 विधानसभा सीटों पर शाम 5 बजे तक के आंकड़े के हिसाब से 77.04% मतदान दर्ज किया गया।
अभी पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव हो रहे हैं और मिजोरम में पहले ही चरण में वोटिंग हो गई है। जबकि, छत्तीसगढ़ में दो चरणों में मतदान हो रहा है और पहले चरण के लिए मंगलवार को वहां भी वोट डाले गए हैं।

मिजोरम की कुछ सीटों पर बहुत भारी मतदान
मंगलवार को हुई वोटिंग में मिजोरम में कुछ विधानसभा क्षेत्रों में बहुत भारी मतदान दर्ज किया गया है। शाम 5 बजे तक के आंकड़े के हिसाब से सेरछिप सीट पर 83.96% वोट पड़े हैं। वहीं मामित में 83.42%, हनथियाल में 82.62%, ख्वाजावल में 82.39% और कोलासिब में 80.13% मतदान रिकॉर्ड किया गया है। यही वजह है कि मतदान का समय शाम 4 बजे तक निर्धारित होने के बावजूद 5 बजे तक भी वोटिंग चल ही रही थी।
मिजोरम में है बहुकोणीय मुकाबला
मिजोरम में सुबह 7 बजे ही वोटिंग शुरू हुई थी और मतदान शाम 4 बजे तक का समय इसके लिए निर्धारित किया गया था। राज्य के मुख्यमंत्री और सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट के चीफ जोरामथांगा आइजोल ईस्ट-1 विधानसभा क्षेत्र से भाग्य आजमा रहे हैं। वहीं विपक्षी पार्टी जोराम पीपुल्स मूवमेंट के प्रमुख और पूर्व आईपीएस लालदुहोमा सेरछिप से मैदान में हैं। वे पार्टी के मुख्यमंत्री पद के भी उम्मीदवार हैं।
174 उम्मीदवारों की चुनावी किस्मत ईवीएम में बंद
2018 के मिजोरम विधानसभा चुनाव में एमएनएफ ने 26 सीटें जीती थीं और उसने 37.8% वोट लाकर कांग्रेस को सत्ता से बेदखल कर दिया था। 2023 के मिजोरम विधानसभा चुनाव में राज्य में 8 लाख से ज्यादा मतदाताओं को 1,276 मतदान केंद्रों पर उम्मीदवारों के सियासी भविष्य तय करने का मौका मिला है। मंगलवार को मतदान खत्म होने के साथ ही वहां 18 महिलाओं समेत कुल 174 उम्मीदवारों की चुनावी किस्मत ईवीएम में बंद हो चुकी है।
3 दिसंबर को होगी मतगणना
मौजूदा विधानसभा चुनाव में मिजो नेशनल फ्रंट, कांग्रेस और जोराम पीपुल्स मूवमेंट ने सभी 40 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे हैं। जबकि, बीजेपी ने 23 सीटों पर अपने प्रत्याशी खड़े किए हैं। मिजोरम की सभी 40 सीटों पर वोटों की गिनती का काम मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और तेलंगाना के साथ ही 3 दिसंबर को होगा।
मिजोरम पूर्वोत्तर का मणिपुर से सटा हुआ राज्य है। वहां से करीब 12 हजार कूकी यहां पलायन करके आ गए हैं। इस चुनाव में सत्ताधारी एमएनएफ और मुख्य विपक्षी जेडपीएम दोनों ने ही मणिपुर हिंसा को बड़ा मुद्दा बनाने की कोशिश की है और उनके निशाने पर केंद्र और मणिपुर में सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी रही है। माना जा रहा कि अगर राज्य में त्रिशंकु विधानसभा के हालात बने तो बीजेपी की अहमियत बढ़ सकती है।












Click it and Unblock the Notifications