• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

आज शरद पवार से मिलेंगे पार्टी नेता लेकिन NCP ने रखी ये शर्त

|

नई दिल्ली। महाराष्ट्र में एक साथ मिलकर भाजपा और शिवसेना ने चुनाव लड़ा था, लेकिन चुनाव नतीजे घोषित होने के बाद शिवसेना ने मुख्यमंत्री पद की मांग करके भाजपा की मुश्किल बढ़ा दी। हालात यहां तक पहुंच गए कि शिवसेना ने बगैर मुख्यमंत्री पद लिए सरकार बनाने से ही इनकार कर दिया। जिसके बाद भाजपा ने शिवसेना की मांग को खारिज करते हुए सरकार बनाने से अपने हाथ खींच लिए। भाजपा ने राज्यपाल को साफ कर दिया है कि उसके पास नंबर नहीं है लिहाजा वह सरकार नहीं बनाएगी। जिसके बाद गेंद अब शिवसेना के पाले में आ गई है। राज्यपाल ने शिवसेना को सरकार बनाने का न्योता दिया है।

एनसीपी ने रखी शर्त

एनसीपी ने रखी शर्त

दिलचस्प बात यह है कि भाजपा के साथ अपनी शर्तों को मनवाने पर अड़ी शिवसेना को अब एनसीपी और कांग्रेस की शर्तों पर सरकार बनाने की कवायद करनी होगी। एनसीपी नेता नवाब मलिक ने शिवसेना को साफ किया है कि अगर महाराष्ट्र में सरकार बनानी है तो उसे केंद्र में एनडीए से अलग होना पड़ेगा और अपने मंत्री से इस्तीफा देने के लिए कहना होगा। एनसीपी ने कहा कि शिवसेना के मंत्रियों को केंद्र सरकार से इस्तीफा देना होगा। इस एनसीपी के वरिष्ठ नेता प्रदेश में बदलते घटनाक्रम पर चर्चा के लिए पार्टी केे मुखिया शरद पवार से मुलाकात करेंगे।

भाजपा ने सरकार बनाने से किया इनकार

भाजपा ने सरकार बनाने से किया इनकार

दरअसल भाजपा ने साफ कर दिया है कि वह महाराष्ट्र में सरकार बनाने की कोशिश नहीं करेगी क्योंकि उसके पास संख्या बल नहीं है। जिसके बाद महाराष्ट्र के राज्यपा लभगत सिंह कोश्यारी ने शिवसेना को सरकार बनाने का न्योता दिया है। एनसीपी नेता नवाब मलिक ने कहा कि अगर शिवसेना हमारा समर्थन चाहती है तो उन्हें इस बात की घोषणा करनी होगी कि उनका भजापा से कोई संबंध नहीं है और उन्हें एनडीए के साथ गठबंधन से अलग होना पड़ेगा। सभी मंत्रियों को केंद्र सरकार से इस्तीफा देना होगा।

हमे नहीं मिला कोई प्रस्ताव

हमे नहीं मिला कोई प्रस्ताव

नवाब मलिक ने कहा कि एनसीपी को शिवसेना की ओर से किसी भी तरह का प्रस्ताव सरकार के गठन के लिए समर्थन देने को लेकर नहीं मिला है। उन्होंने बताया कि अभी तक हमे शिवसेना की ओर से कोई प्रस्ताव नहीं मिला है। अंतिम फैसला कांग्रेस और एनसीपी एक साथ मिल कर लेंगे। जबतक शिवसेना एनडीए गठबंधन से अलग नहीं होती है, हम इंतजार करेंगे और प्रदेश के घटनाक्रम पर नजर बनाए रखेंगे। मलिक ने कहा कि अगर शिवसेना प्रस्ताव लेकर आती है तो उसके लिए कुछ शर्ते हैं।

शिवसेना को साफ करनी होगी स्थिति

शिवसेना को साफ करनी होगी स्थिति

मलिक ने कहा कि अगर शिवसेना हमारी शर्तों पर राजी होती है तो ही आगे विचार किया जा सकता है। शिवसेना नेता संजय राउत ने हाल ही में इस बात पर जोर दिया था कि पार्टी मुख्यमंत्री पद से समझौता नहीं करेगी। अगर उन्हें हमारा समर्थन चाहिए तो उन्हें भाजपा के साथ दिल्ली में अपनी स्थिति को साफ करना होगा। बता दें कि शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत केंद्रीय मंत्री हैं। सरकार के गठन को लेकर नवाब मलिक ने कहा कि प्रदेश में सरकार गठन के लिए हमारे पास नंबर नहीं हैं, लेकिन हम प्रदेश में राष्ट्रपति शासन नहीं चाहते हैं।

इसे भी पढ़ें- अयोध्या फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने संस्कृत, उर्दू, पारसी और फ्रेंच बुक से लिए थे संदर्भ

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Maharashtra: NCP puts conditioon to Shiv Sena says if want our support end relation with BJP. महाराष्ट्र में एनसीपी ने शिवसेना के सामने रखी शर्त, हमारा साथ चाहिए तो भाजपा से खत्म करिए रिश्ते
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more