राजेश-नूपूर की सजा पर बोले परिजन और दोस्त..कहा सच सामने नहीं आया
कानून से जुडे कई लोगों और समाज सेविकाओं ने भी राजेश-नूपूर की सजा को गलत ठहराया है। लेकिन किसी के कहने ना कहने का अब कोई सवाल नहीं है क्योंकि राजेश-नूपूर को जीवन भर के कारावास की सजा मिल चुकी है।
मालूम हो कि मंगलवार को आरूषि और नौकर हेमराज की हत्या के जुर्म में दोषी पाये गये तलवार दंपति को सीबीआई की विशेष अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनायी है। हालांकि सीबीआई के वकील ने बहस के दौरान फांसी की मांग की थी लेकिन कोर्ट ने दोनों को उम्रकैद की सजा सुनायी। तलवार के वकील की ओर से दलील दी गयी थी कि तलवार दंपति का कोई अपराधिक रिकार्ड तो है ही नहीं ऐसे में दोनों के साथ नरमी बरती जाये।
फैसला सुनाए जाने के तत्काल बाद तलवार दंपति को गाजियाबाद की डासना जिला जेल ले जाया गया। तलवार के वकील ने कहा है कि वह फैसले के खिलाफ ऊपरी अदालत में अपील करेंगे।
विशेष अदालत के न्यायाधीश श्याम लाल ने साक्ष्यों को मिटाने के लिए तलवार दंपति को इसके अलावा पांच वर्ष की अतिरिक्त सजा सुनाई। इसके अलावा जांच के दौरान गलत सूचना देने के लिए उन्होंने राजेश तलवार को एक साल की अतिरिक्त सजा सुनाई।
दंपति को हत्या के मामले में प्रत्येक को 10,000 रुपये, साक्ष्य मिटाने के मामले में प्रत्येक को 5,000 रुपये और पुलिस को गुमराह करने जुर्म में राजेश तलवार पर 2,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
हालांकि कोर्ट के इस फैसले के बाद तलवार दंपत्ति और उनके परिवार वालों ने कहा है कि सीबीआई ने साक्ष्य को छुपाने की कोशिश की है, राजेश-नूपूर दोनों बेकसूर हैं और कोर्ट के इस फैसले के खिलाफ वह दोनों हाईकोर्ट जायेंगे।













Click it and Unblock the Notifications