JNU Violence: एम्स के डॉक्टर ने कहा- कैंपस में एंबुलेंस को नकाबपोश बदमाशों ने घेर लिया, तोड़े शीशे

नई दिल्ली। जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) में घुसकर रविवार शाम को नकाबपोश बदमाशों ने कई छात्रों की बुरी तरह पिटाई की। चेहरा छिपाए कैंपस में घुसे इन बदमाशों ने शिक्षकों को भी निशाना बनाया। इन नकाबपोश बदमाशों ने जेएनयू परिसर में घुसकर काफी देर तक तोड़फोड़ की और छात्र-छात्राओं पर हमले किए। इस हमले में छात्रसंघ की अध्यक्ष आइशी घोष और कई शिक्षक गंभीर रूप से घायल हुए हैं। वहीं, इन घायल छात्रों को इलाज के लिए ले जाने आई एंबुलेंस को भी रोका गया और हमला किया गया।

नकाबपोश बदमाशों ने एंबुलेंस को आगे जाने से रोका

नकाबपोश बदमाशों ने एंबुलेंस को आगे जाने से रोका

मास्क पहने और हेलमेट लगाए बदमाशों ने एक एम्बुलेंस को भी निशाना बनाया। घायल छात्रों की मदद के लिए एंबुलेंस रविवार रात जेएनयू में भेजी गई थी। लेकिन वहां पर नकाबपोश बदमाशों ने डॉक्टरों को घायल छात्रों की मदद करने से रोका और एंबुलेंस को निशाना बनाया। एंबुलेंस में दो डॉक्टर और उनके सहयोगी थे जो करीब 9 बजे कैंपस में पहुंचे थे। लेकिन वहां नकाबपोश बदमाश हाथों में लोहे की रॉड और डंडे लेकर खड़े थे और वे एंबुलेंस को आगे जाने से रोकने लगे।

एंबुलेंस पर किया हमला, एक सहकर्मी घायल- डॉक्टर

एंबुलेंस पर किया हमला, एक सहकर्मी घायल- डॉक्टर

एक गैर-सरकारी संस्थान में फिजियन हरजीत सिंह भट्टी ने कहा कि नकाबपोश बदमाशों ने डॉक्टरों के साथ धक्का-मुक्की की, वे कह रहे थे कि कैंपस में किसी को भी इलाज की कोई जरूरत नहीं है। वहीं, एंबुलेंस लेकर पहुंचे डॉक्टर बीटी प्रवीन का कहना है, 'हम लोगों ने अपने आईडी कार्ड्स दिखाए लेकिन वे हमें आगे नहीं जाने दे रहे थे, उन्होंने वहां जमकर हंगामा किया और खिड़की के शीशे तोड़ दिए, इस दौरान एंबुलेंस में मौजूद एक सहयोगी को चोट भी आई है।'

जेएनयू मामले को लेकर गरमाई सियासत

जेएनयू मामले को लेकर गरमाई सियासत

भट्टी ने बताया कि 20 छात्रों को एम्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। कई छात्रों को बुरी तरह पीटा गया है, घायलों में दो प्रोफेसर भी बताए जा रहे हैं। नकाबपोश बदमाशों के इस हमले के बाद जेएनयू के बाहर छात्रों की भारी भीड़ जमा हो गई। लेफ्ट और एबीवीपी के छात्रों का जमावड़ा लग गया, जिसको कंट्रोल करने के लिए दिल्ली पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। जेएनयू मामले को लेकर कई विश्वविद्यालयों में देर रात प्रदर्शन हुए। वहीं, इसको लेकर राजनीतिक दलों ने बीजेपी पर निशाना साधना शुरू कर दिया है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+