JNU में सब्सिडी पर कन्हैया कुमार का सवाल, 'गुजरात के सीएम के लिए 192 करोड़ का जेट प्लेन क्यों?'

नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में फीस वृद्धि के खिलाफ विरोध प्रदर्शन थमता नजर नहीं आ रहा है। जेएनयू के छात्र फीस वृद्धि का जमकर विरोध कर रहे हैं और उन्होंने संसद भवन तक सोमवार को मार्च भी निकाला था। इस दौरान झड़प के बाद पुलिस ने उनपर लाठीचार्ज किया था। जेएनयू में फीस वृद्धि के मुद्दे पर विपक्ष और सरकार आमने-सामने है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार गरीबों से अच्छी शिक्षा का अधिकार छीन रही है। इस मुद्दे पर संसद में हंगामे के बीच सीपीआई के नेता और जेएनयू छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने यूनिवर्सिटी पर उठ रहे सवालों को लेकर विरोधियों पर निशाना साधा है।

कन्हैया ने फीस वृद्धि पर दी प्रतिक्रिया

कन्हैया ने फीस वृद्धि पर दी प्रतिक्रिया

जेएनयू छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने फीस वृद्धि को गलत ठहराया और कहा कि कुछ लोग यूनिवर्सिटी को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे लोग छात्रों के भविष्य को खराब करना चाहते हैं। जेएनयू में सब्सिडी के सवाल पर उन्होंने कहा कि अगर सब्सिडी का सवाल है तो सांसदों को भी तो सब्सिडी मिलती है, उससे दिक्कत क्यों नहीं है।

'गुजरात के सीएम के लिए 192 करोड़ का जेट प्लेन क्यों?'

'गुजरात के सीएम के लिए 192 करोड़ का जेट प्लेन क्यों?'

इंडिया टुडे से बात करते हुए कन्हैया कुमार ने कहा कि जो लोग टैक्सपेयर्स का पैसा बर्बाद होने का हवाला दे रहे हैं, वे और मुद्दों पर क्यों नहीं बोलते हैं। उन्होंने कहा, 'अगर टैक्सपेयर्स के पैसे का ही सवाल है तो फिर प्रधानमंत्री के लिए 4 करोड़ की कार क्यों खरीदना चाहिए, गुजरात के सीएम के लिए 192 करोड़ का जेट प्लेन क्यों खरीदना चाहिए। संसद में सांसदों को सब्सिडी का खाना क्यों दिया जाना चाहिए।'

'पीएचडी करेंगे तो 30 साल लगेंगे ही'

'पीएचडी करेंगे तो 30 साल लगेंगे ही'

दरअसल, जेएनयू में फीस वृद्धि और अधिक समय तक हॉस्टल में रहने वाले छात्रों को लेकर भी बहस शुरू हो गई है। फीस वृद्धि का समर्थन करने वालों का कहना है कि ऐसे छात्रों को हॉस्टल से बाहर किया जाना चाहिए और जरूरतमंदों को ये सुविधा दी जानी चाहिए। कन्हैया कुमार ने इन सवालों पर कहा कि पीएचडी करने में वक्त लगता है। अगर पीएचडी करेंगे तो 30 साल लगेंगे ही। सीपीआई नेता ने कहा कि अगर जेएनयू इतना ही खराब है तो हर साल इसे सर्वश्रेष्ठ यूनिवर्सिटी का अवॉर्ड क्यों दिया जाता है।

जेएनयू से पढ़ने वाले नोबेल जीत रहे- कन्हैया

जेएनयू से पढ़ने वाले नोबेल जीत रहे- कन्हैया

कन्हैया कुमार ने कहा कि मोदी सरकार में इसी जेएनयू से पढ़े दो लोग मंत्री हैं, जेएनयू से पढ़ने वाले नोबेल जीत रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे 'भारत तेरे टुकड़े होंगे' जैसे बकवास नारे का समर्थन नहीं करते हैं और अगर कोई ऐसा करता है तो आप उसे पकड़िए, जेल में डालिए सजा दीजिए। कन्हैया कुमार ने कहा कि आज 40 फीसदी छात्र फीस बढ़ने के बाद पढ़ाई जारी नहीं रख सकते हैं, ये खैरात नहीं मांग रहे हैं बल्कि इंडिया लेवल पर टेस्ट पास करने के बाद ये जेएनयू पहुंचे हैं। कन्हैया कुमार ने कहा कि सरकार को बढ़ी हुई फीस वापस लेनी चाहिए।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+