शहीद हवलदार अब्दुल माजिद कीर्ति चक्र से सम्मानित, राजौरी में आतंकवादियों से मुठभेड़ में गंवाई थी जान
Kiriti Chakra: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सेना और अर्धसैनिक बलों के 10 जवानों को उनके असाधारण योगदान के लिए कीर्ति चक्र से सम्मानित किया। इनमें से सात पुरस्कार मरणोपरांत दिए गए। कीर्ति चक्र भारत का दूसरा सबसे बड़ा शांतिकालीन वीरता सम्मान है। मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित होने वालों में नवंबर 2023 में राजौरी मुठभेड़ में शहीद हुए 9 पारा SF के हवलदार अब्दुल माजिद भी शामिल हैं। उनकी पत्नी ने यह पदक प्राप्त किया।
नवंबर 2023 में जम्मू-कश्मीर के राजौरी में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में भारतीय सेना के पांच जवान शहीद हो गए। 22 नवंबर, 2023 को सुरक्षा बलों ने आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ की। इलाके को घेर लिया गया और रात होने तक गोलीबारी बंद हो गई। हालांकि, 23 नवंबर की सुबह आतंकवादियों ने फिर से गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में दो आतंकवादी मारे गए।

22 नवंबर को हुई मुठभेड़ में दो कैप्टन समेत चार सैन्यकर्मी शहीद हो गए। खुफिया जानकारी के आधार पर सेना की व्हाइट नाइट कोर ने रविवार को राजौरी के गुलाबगढ़ जंगल के कालाकोट इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया था। इस अभियान के दौरान 22 नवंबर को आतंकवादियों और सुरक्षा बलों के बीच मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ में आतंकवादी घायल हो गए और सुरक्षा बलों ने उन्हें घेर लिया।
जम्मू-कश्मीर के पैरा कमांडो अब्दुल मजीद भी इस ऑपरेशन में शहीद हो गए। उनका परिवार एलओसी पर जीरो लाइन और बॉर्डर फेंस के बीच बसे अज़ोट गांव में रहता है। उनकी शहादत की खबर सुनकर उनके परिवार में मातम छा गया। माजिद अपने पीछे पत्नी और तीन बच्चों को छोड़ गए हैं। परिवार सदमे में है और आंसू बहा रहा है, लेकिन माजिद के बलिदान पर गर्व करता है। माजिद के भाई भी जम्मू-कश्मीर लाइट इन्फेंट्री (JKLI) में सिपाही थे और 2017 में पुंछ में शहीद हो गए थे।
हवलदार अब्दुल मजीद के शहीद होने की खबर सुन कर उनकी पत्नी को यकीन नहीं हो रहा था। वो यही कह रही थी कि अभी कल ही तो उनका कॉल आया था। व घर आने की बात कह रहे थे। मजीद की पत्नी बार-बार अपने पत्नी के नंबर पर कॉल कर रही थी। नंबर स्विच ऑफ आ रहा था।
शुक्रवार को जब वो राष्ट्रपति से अपने पति को मरणोपरांत मिले सम्मान कृति चक्र को लेने पहुंची तो उनकी आंखों भर आईं। बोझिल कदमों से उन्होंने आगे बढ़कर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से पदक ग्रहण किया। पति को खोने का गम उनकी आंखों में साफ झलक रहा था।












Click it and Unblock the Notifications