Piyush Goyal: पहली बार चुनाव लड़कर दर्ज की महाराष्ट्र की सबसे बड़ी जीत, मोदी सरकार में फिर बने कैबिनेट मंत्री
Piyush Goyal Modi Cabinet: पीएम नरेंद्र मोदी ने तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। इसी के साथ पहली बार लोकसभा चुनाव जीतकर आए पीयूष गोयल मोदी मंत्रिमंडल में फिर से शामिल होने वाले चुनिंदा मंत्रियों में से एक बन गए हैं। पहली बार लोकसभा सदस्य बने गोयल 2014 और 2019 मोदी सरकार के दोनों कार्यकाल में केंद्रीय मंत्री थे।
60 साल के पीयूष गोयल ने रविवार को राष्ट्रपति भवन के प्रांगण में आयोजित भव्य समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नई केंद्रीय मंत्रिपरिषद में शामिल होकर शपथ ली। पीयूष गोयल मुंबई नॉर्थ में जीतकर संसद पहुंचे हैं।

महाराष्ट्र में सबसे बड़ी जीत
उन्होंने मुंबई कांग्रेस के उपाध्यक्ष भूषण पाटिल को 3,57,608 मतों के बड़े अंतर से हराया। पीयूष गोयल ने महाराष्ट्र में सबसे अधिक वोटों के अंतर से जीत दर्ज की है। पीयूष गोयल को 6,80,146 वोट मिले जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी पाटिल को 3,22,538 वोटों ही मिले।
Recommended Video
तीसरे कार्यकाल में भी मिली जगह
2024 में पहली बार लोकसभा चुनाव लड़ने वाले पीयूष गोयल ने शुरुआत में 2019 के केंद्रीय मंत्रिमंडल में रेल मंत्रालय और वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के विभागों को संभाला था। बाद में रेल मंत्रालय को वापस ले लिया गया और उन्हें खाद्य और सार्वजनिक वितरण विभाग की अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंपी गई।
संभाल चुके हैं अहम मंत्रालय
वे पहले रेल और कोयला मंत्री (2017-19) थे और उन्होंने 2018 और 2019 में दो बार वित्त और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्री का अतिरिक्त प्रभार भी संभाला है। वे बिजली, कोयला, नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा (2014-2017) और खान (2016-17) के लिए राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) थे।
पेश से चार्टर्ड अकाउंटेंट और इन्वेस्टमेंट बैंकर
बता दें कि गोयल राज्यसभा के सदस्य थे और मोदी के दूसरे कार्यकाल में राज्यसभा में सदन के नेता थे। चार्टर्ड अकाउंटेंट और निवेश बैंकर गोयल ने रेल मंत्री के रूप में दिल्ली और वाराणसी के बीच पहली स्वदेशी सेमी-हाई-स्पीड ट्रेन वंदे भारत एक्सप्रेस के शुभारंभ की देखरेख की थी।
35 साल लंबा राजनीतिक करियर
अपने 35 साल के लंबे राजनीतिक करियर के दौरान पीयूष गोयल ने भाजपा में विभिन्न स्तरों पर कई अहम पदों पर काम किया है। उन्होंने पार्टी के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष के तौर पर भी कार्य किया है। 2019 के लोकसभा चुनाव वे घोषणापत्र और प्रचार समितियों के सदस्य थे। उन्होंने 2014 चुनाव के लिए भाजपा की सूचना संचार अभियान समिति का भी नेतृत्व किया है।
पढ़ाई में भी रहे अव्वल
इसी के साथ पीयूष गोयल का शैक्षणिक रिकॉर्ड भी शानदार रहा है- ऑल इंडिया लेवर पर चार्टर्ड अकाउंटेंट के रूप में दूसरा स्थान और मुंबई यूनिवर्सिटी में कानून में दूसरा स्थान रहा। वे एक प्रसिद्ध निवेश बैंकर थे और उन्होंने प्रबंधन रणनीति और विकास पर शीर्ष निगमों को सलाह दी है। उन्होंने भारत के सबसे बड़े वाणिज्यिक बैंक, भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा के बोर्ड में भी काम किया।
पिता भी रहे केंद्र में मंत्री
उनके पिता दिवगंत वेदप्रकाश गोयल, पूर्व केंद्रीय शिपिंग मंत्री और दो दशकों से अधिक समय तक भाजपा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष थे। उनकी मां चंद्रकांता गोयल, मुंबई से विधानसभा के लिए तीन बार चुनी गईं। पीयूष गोयल की शादी एक सक्रिय सामाजिक कार्यकर्ता सीमा से हुईं हैंं और उनके दो बच्चे हैं, ध्रुव और राधिका है।












Click it and Unblock the Notifications