पति और दो जवान बेटों की मौत से उजड़ी जिंदगी लेकिन द्रौपदी मुर्म ने कभी नहीं मानी हार
पति और दो जवान बेटों की मौत से उजड़ी जिंदगी लेकिन द्रौपदी मुर्म ने कभी नहीं मानी हार
Draupadi Murmu:ओडिशा के आदिवासी परिवार से ताल्लुक रखने वाली द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्रपति उम्मीदवार तक पहुंचने का सफर आसान नहीं रहा। देश के सर्वोच्च राष्ट्रपति पद की मजबूत दावेदार द्रौपदी मुर्मू का जीवन बहुत ही कष्ट में गुजरा है। 64 साल की उम्र में अब तक की सबसे कम उम्र की राष्ट्रपति बनने जा रही द्रौपदी के जीवन में कई तूफान आए लेकिन वो डिगी नहीं, सभी मुसीबतों का बहादुरी से सामान करती रहीं।

आदिवासी परिवार में जन्मीं द्रौपदी की श्याम चरण्म मुर्म से हुई थी शादी
20 जून 1958 को बिरंजी नारायण टुडू की बेटी के रूप मेंजन्मी मुर्मू की शादी श्याम चरण्म मुर्म से हुई थी। उपरबेड़ा गांव के संथाल आदिवासी परिवार से आने वाली मुर्मू ने स्नातक की पढ़ाई की और कुछ समय तक ओडिशा राज्य सचिवालय में भी नौकरी की है और लंबे राजनीतिक सफर में अब राष्ट्रपति पद तक पहुंची हैं।

पति और दो जवान बेटों की मौत से उजड़ गई थी जिंदगी
झारखंड की पूर्व राज्यपाल मुर्म ने कुछ साल पहले अपने पति और दो जवान बेटों को खो दिया। एक बेटे की उम्र 21 साल थी और दूसरे बेटे की उम्र 25 साल थी। पति और बेटों की मौत ने मुर्मू को हिलाकर रख दिया था। लेकिन इस तूफान के आगे अपने आपको टूटने नहीं दिया और डट कर खड़ी रहीं और समाज की सेवा में अपना जीवन न्यौछावर कर दिया।

द्रौपदी ने कहा था मैं तबाह हो गई थी लेकिन....
द्रौपदी मुर्मू जब झारखंड की राज्यपाल थीं तब उन्होंने अपने एक इंटरव्यू में कहा था मैंने अपने जीवन में बहुत सारे उतार-चढ़ाव देखे हैं, मैंने अपने दो बेटों और पति को खो दिया है। मैं पूरी तरह से तबाह हो गयी थी, लेकिन भगवान ने मुझे लोगों की सेवा करते रहने की ताकत दी।

ब्रह्माकुमारियों ने दुख से उबरने की द्रौपदी मूर्म की मदद
मुर्मू के एक करीबी ने खुलासा किया कि ब्रह्माकुमारियों के ध्यान और मार्गदर्शन ने उन्हें अपने दुख से उबरने में मदद की। द्रौपदी मुर्मू बहुत ही सरल जीवन जीने में विश्वास रखती हैं। सुबह जल्दी उठकर योगा, प्रणायाम और वॉकिंग करना उनके दिनचर्या में शामिल है।

देश की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू
2007 में प्रतिभा पाटिल के रूप में देश को पहली महिला राष्ट्रपति मिली थी और अब मुर्मू देश की दूसरी महिला होंगी जो राष्ट्रपति पद पर बैठने वाली हैं। हालांकि मुर्मू देश की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति बनने का रिकार्ड बनाने जा रही हैं।












Click it and Unblock the Notifications