Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Bhima Koregaon: सुप्रीम कोर्ट से नवलखा को बड़ी राहत, शीर्ष अदालत ने जेल से निकालकर हाउस अरेस्ट की दी अनुमति

सुप्रीम कोर्ट ने भीमा कोरेगांव के आरोपी गौतम नवलखा को बड़ी राहत दी है। नवलखा की याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को उसे एक महीने के लिए जेल से बाहर निकालकर घर में नजरबंद करने की अनुमति दे दी। मामले की सुनवाई जस्टिस केएम जोसेफ और हृषिकेश रॉय की पीठ कर रही है। पीठ ने नवलखा को नजरबंद होने पर अपने सुरक्षा कवर के खर्च के रूप में 2.4 लाख की राशि जमा कराने का भी आदेश दिया है। अपने आदेश में कोर्ट ने कहा है कि नवलखा कम्प्यूटर, इंटरनेट या फिर अन्य तरह की किसी भी संचार डिवाइस का प्रयोग नहीं कर सकेंगे।

Recommended Video

    Bhima Koregaon Case: SC से Gauutam Navlakha को राहत, होंगे House Arrest | वनइंडिया हिंदी *News
    navlakha

    दिन में 10 मिनट के लिए पुलिसकर्मी खुद देंगे फोन
    आदेश सुनाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने नवलखा को पुलिस की मौजूदगी में दिन में एक बार 10 मिनट के लिए फोन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। इस 10 मिनट के अलावा वे किसी व्यक्ति या फिर गवाहों से भी बाद नहीं कर सकेंगे। इस दौरान उनके फोन की रिकॉर्डिंग भी होगी। इसके अलावा कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा कि हाउस अरेस्ट के दौरान नवलखा किसी भी मीडिया के चैनल या फिर न्यूजपेपर को कोई भी बयान नहीं देंगे। हाउस अरेस्ट के दौरान नवलखा परिवार के सदस्यों से 3 घंटे के लिए मिल सकेंगे।

    घर के बाहर और इंट्री गेट पर लगाने होंगे सीसीटीवी
    नवलखा को नवी मुंबई में जहां पर हाउस अरेस्ट किया जाएगा। वहां पर घर के बाहर और इंट्री गेट पर सीसीटीवी लगाने के भी आदेश कोर्ट की तरफ से दिए गए हैं। ये सीसीटीवी हमेशा काम करेंगे। इन्हें किसी भी वक्त नहीं किया जाएगा। आपको बता दें कि बॉम्बे हाईकोर्ट की तरफ से 26 अप्रैल को नवलखा कि याचिका खारिज कर दी गई थी। इसके बाद नवलखा ने शीर्ष अदालत का रुख किया था।

    2018 में किया गया था गिरफ्तार
    पीपुल्स यूनियन फॉर डेमोक्रेटिक राइट्स के पूर्व सचिव नवलखा को अगस्त 2018 में गिरफ्तार किया गया था। शुरुआत में उन्हें नजरबंद कर दिया गया था। लेकिन बाद में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अप्रैल 2020 में महाराष्ट्र के तलोजा केंद्रीय कारागार में स्थानांतरित कर दिया गया। अपनी याचिका में 70 वर्षीय नवलखा ने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि वह त्वचा एलर्जी सहित कई रोगों से ग्रसित हैं। इसके अलावा वे कैंसर का भी जांच कराना चाहते हैं। इसलिए उन्हें पत्नी के साथ घर में हाउस अरेस्ट किया जाएगा।

    ये भी पढ़ें- 'दिल्ली की चुनी हुई केजरीवाल सरकार को गिराना चाहते हैं LG',सुप्रीम कोर्ट में बोले मनीष सिसोदिया

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+