आर्थिक मोर्चे पर एक और अच्छी खबर, 7.2% जीडीपी ग्रोथ के बाद मैन्युफैक्चरिंग में रिकॉर्ड उछाल

भारत ने अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में लगातार दूसरे दिन जो धमाका किया है, उसने कई अर्थशास्त्रियों के अनुमानों को झुठला दिया है। भारत की तरक्की दुनिया भर में सबसे शानदार बताई जा रही है।

record jump in manufacturing

अर्थव्यवस्था के मोर्चे पर भारत के लिए लगातार दूसरे दिन भी बहुत अच्छी खबर आई है। मई महीने में मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में देश ने 31 महीने का रिकॉर्ड उछाल दर्ज किया है। इससे पहले बीते वित्त वर्ष में भारत ने तमाम अनुमानों और आशंकाओं को खारिज करते हुए 7.2% जीडीपी ग्रोथ हासिल किया, जो कि दुनिया में सबसे ज्यादा है।

मैन्युफैक्चरिंग में 31 महीने बाद रिकॉर्ड उछाल
मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के प्रदर्शन ने उद्योग जगत को बहुत ही बड़ी खुशबरी दी है। मई में इस सेक्टर ने उत्साहजनक विकास दिखाया है। एस एंड पी ग्लोबल इंडिया मैन्युफैक्चरिंग पर्चेजिंग मैनेजर इंडेक्स के मुताबिक अप्रैल में 57.2 की तुलना में यह मई में 58.7 रहा है। यह 2020 के अक्टूबर के बाद से यानि कि 31 महीने में सबसे तेज विकास है।

मई में रोजगार के अवसर भी पढ़ें- लीमा
यह बढ़ोतरी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय डिमांड में इजाफे की वजह से हुई है, जिसके चलते भारतीय उत्पादों की खपत बढ़ी है। एस एंड पी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस की इकोनॉमिक्स एसोसिएट डायरेक्टर पोलीअन्ना डी लीमा ने कहा है कि इनकी वजह से मई में रोजगार के भी अधिक अवसर पैदा हुए हैं।

'एशिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यस्था में और मजबूत हुआ भारत'
उधर जीडीपी ग्रोथ में भी भारत ने दुनिया भर में रिकॉर्ड बनाकर दिखाया है। खालसा वॉक्स के मुताबिक 2022-23 की अंतिम तिमाही में 6.1% का विकास दर्ज करना शानदार है। कुल 3.3 ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था के साथ भारत ने जो 7.2% का सालाना विकास दर्ज किया है, उसकी वजह से इसने एशिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में अपना स्थान और मजबूत कर लिया है।

2023 की पहली तिमाही में 6.1% फीसदी की रफ्तार
केंद्र सरकार ने बुधवार को जो आंकड़े जारी किए थे, उसके अनुसार इस साल जनवरी से मार्च तक के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था 6.1 फीसदी की रफ्तार से बढ़ी है, जो कि पिछले विकास दर 4.5 फीसदी से काफी अधिक है।

इन क्षेत्रों की भूमिका रही महत्वपूर्ण
इसके मुताबिक कृषि क्षेत्र में 5.5 फीसदी और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में 4.5 फीसदी के विकास ने इस प्रगति में अहम रोल निभाया है। यही नहीं, जीडीपी के विकास में इनके अलावा निर्माण, सेवा और खनन ने भी बड़ी भूमिका अदा की है।

आर्थिक विकास में दुनिया में भारत का धमाका
खालसा वॉक्स के मुताबिक पिछले वित्त वर्ष में अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में 4.5% और जुलाई-सितंबर के बीच 6.2 फीसदी का विकास दर्ज किया गया था। इस आंकड़े से यह भी साफ होता है कि आर्थिक विकास की रफ्तार में दुनिया में सबसे आगे रहने वाले भारत ने 2022 के अप्रैल से जून की तिमाही में 13.1 फीसदी का शानदार विकास दर्ज किया था।

सारे विपरीत अनुमानों खारिज किया
खालसा वॉक्स के अनुसार इस तरह से 2022-23 में भारत ने 7 फीसदी के विकास के अनुमान को पीछे छोड़कर 7.2 फीसदी का विकास हासिल किया है। हालांकि, यह 2021-22 के 9.1 फीसदी से कम है।

भारत ने इस सफलता से यह साबित किया है कि यह दुनिया की सबसे तेजी से विकसित हो रही अर्थव्यस्था है। तथ्य यह है कि चीन की अर्थव्यवस्था 2023 की पहली तिमाही में सिर्फ 4.5% की रफ्तार से बढ़ी है। (इनपुट-एएनआई)

Recommended Video

    2000 Rupees Note चलन से बाहर, Indian Economy पर कितना असर? विशेषज्ञों की क्या राय | वनइंडिया हिंदी

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+