'ट्विन टावर्स की जमीन का इस्तेमाल...', विध्वंस के कुछ दिनों बाद सुपरटेक लिमिटेड ने दिया ये बड़ा बयान
'ट्विन टावर्स की जमीन का इस्तेमाल...', विध्वंस के कुछ दिनों बाद सुपरटेक लिमिटेड ने दिया ये बड़ा बयान
नोएडा, 02 सितंबर: नोएडा में हाल ही ट्विन टावर्स को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद विध्वंस कर दिया गया है। ट्विन टावर्स को गिराना, देश का अब तक का सबसे बड़े विध्वंस माना जा रहा है। बड़े विध्वंस के कुछ दिनों बाद, सुपरटेक लिमिटेड ने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा है कि ट्विन टावर्स की जमीन का इस्तेमाल दूसरे आवासीय परियोजना (रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट) के लिए किया जाएगा, इसके लिए नोएडा प्राधिकरण से उचित मंजूरी मांगी जाएगी, घर खरीदारों और एमराल्ड कोर्ट से सहमति ली जाएगी।
Recommended Video

सुपरटेक के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक आरके अरोड़ा ने कहा कि ट्विन टावर्स 'एपेक्स और सेयेन' नोएडा प्राधिकरण द्वारा आवंटित भूमि पर निर्मित सेक्टर 93 ए में एमराल्ड कोर्ट प्रोजेक्ट का एक हिस्सा हैं। इसलिए हम उचित कार्रवाई के बाद इस जमीन का इस्तेमाल आवासीय परियोजना (रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट) के लिए करेंगे।
सुपरटेक के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक आरके अरोड़ा ने कहा, ''दो टावरों सहित परियोजना की निर्माण योजनाओं को 2009 में नोएडा प्राधिकरण द्वारा अनुमोदित किया गया था जो कि तत्कालीन प्रचलित भवन उपनियमों के अनुसार ही बनाया गया था। भवन योजना से कोई विचलन नहीं किया गया था और प्राधिकरण को पूरा भुगतान करने के बाद भवन का निर्माण किया गया था। अब दोनों टावरों को ध्वस्त कर दिया गया है और हमने सुप्रीम कोर्ट के अनुसार विध्वंस में शामिल एजेंसियों को 17.5 करोड़ की विध्वंस लागत का भुगतान किया है।''
उन्होंने आगे कहा, ट्विन टावरों के 95 प्रतिशत घर खरीदारों को वापस कर दिया है। शेष पांच प्रतिशत लोग जो बचे हैं, हम या तो उन्हें संपत्ति दे रहे हैं या ब्याज सहित पैसा लौटा रहे हैं और पूरी तरह से सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन कर रहे हैं।
बता दें कि नौ साल के लंबे केस के बाद रविवार को दोपहर 2.30 बजे ट्विन टावरों को ध्वस्त कर दिया गया था। ट्विन टावर विध्वंस से पहले, 5,000 से अधिक निवासियों, वाहनों और जानवरों को पास के एमराल्ड कोर्ट और एटीएस ग्रीन्स विलेज सोसायटी से बचाया गया था। 3,700 किलोग्राम विस्फोटकों का उपयोग करके ट्विन टावरों को गिराया गया था। ये भारत का अब तक का सबसे बड़ा विध्वंस था।












Click it and Unblock the Notifications