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7th Pay Commission: PNB घोटाले के फेर में फंस सकती है वेतन बढ़ोतरी

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    नई दिल्ली। देशभर के केंद्रीय कर्मचारी वेतन बढ़ोतरी का इंतजार कर रहे हैं। उनका ये इंतजार खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को मंजूरी मिले 2 साल होने को हैं, लेकिन अब तक कर्मचारियों का इंतजार जारी ही है।माना जा रहा है कि ये इंतजार अभी और लंबा हो सकता है। The sen times की खबर के मुताबिक भारतीय सरकारी बैंकों में हुए हजारों करोड़ों के घोटाले की वजह से सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने में अभी और वक्त लग सकता है।

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    सातवें वेतन आयोग में देरी

    सातवें वेतन आयोग में देरी

    रिपोर्ट के मुताबिक सरकारी बैंकों में हुए हजारों करोड़ के घोटालों के कारण सरकार दवाब में है। इस दवाब के चलते केंद्रीय कर्मचारियों को बढ़ें हुए वेतन के लिए अभी औरइंतजार करना होगा। सरकार सातवें वेतन आयोग के तहत न्यूनतम सैलरी देने के फैसले को कुछ दिनों के लिए टाल सकती हैं, क्योंकि सरकार पर आर्थिक दवाब हैं।

    50 लाख कर्मचारियों को इंतजार

    50 लाख कर्मचारियों को इंतजार

    आपको बता दें कि देशभर के करीब 50 लाख केंद्रीय कर्मचारी बढ़ें हुए वेतन की आस लगाए बैठे हैं। केंद्र सरकार ने सातवें वेतन आयोग की साफारिशों को मानते हुए न्यूनतम सैलरी को 18000 रुपए प्रति माह कर दिया। हालांकि कर्मचारी यूनियन्स इसे बढ़ाकर 21000 रुपए प्रति माह करने की अपील कर रहे हैं। पहले कहा गया कि जनवरी 2018 से कर्मचारियों को बढ़ा हुआ वेतन मिलने लगेगा,लेकिन ऐसा नहीं हुआ। लोगों ने उम्मीद लगा रखी हैं कि अप्रैल 2018 से उनके खाते में बढ़ा हुआ वेतन आएगा, लेकिन इसकी भी उम्मीद अब कम होतीजा रही है।

    बैंक घोटाले से बढ़ा दवाब

    बैंक घोटाले से बढ़ा दवाब

    पीएनबी के 11500 रुपए के घोटाले ने सरकार पर दवाब ला दिया है। अप्रैल 2013 से जून 2016 तक भारत के सरकारी बैंकों के 2450 करोड़ रुपये के फ्रॉड ने सरकार पर पहले से परेशानी बढ़ा रखी थी। ऐसे में सरकार अभी सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के पक्ष में नहीं है। सावतें वेतन आयोग को लागू करने की वजह से 47 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 52 लाख पेंशनभोगियों को तो फायदा होगा, लेकिन सरकारी खजाने पर 1.02 लाख करोड़ का बोझ भी पड़ेगा। सरकार अभी इस स्थिति में नहीं है कि वो इस बोझ को सहन कर सके। हालांकि उम्मीद की जा रही है कि सरकार जल्द इस स्थिति से उबर जाएगी और कर्मचारियों को जल्द से जल्द उनका बढ़ा हुआ वेतन मिलने लगेगा।

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    English summary
    here is no certainty on whether the government will announce a hike in minimum pay and fitment factor beyond the recommendations of the 7th Pay Commission or 7th CPC. The wait over a hike in minimum pay and fitment beyond the recommendations of the 7th Pay Commission is likely getting longer as there is no clarity on this from the government.

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