Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

गुजरात में AAP के चलते कांग्रेस को भारी नुकसान, जहां पिछली बार जीती थी 15 सीटें, वहां सिर्फ 2 पर आगे

गुजरात में आम आदमी पार्टी के चलते कांग्रेस को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जहां पर पार्टी ने पिछली बार 15 सीटें जीती थीं, वहां इस बार कई सीटें हाथ से निकल गई।

gujarat aap

गुजरात विधानसभा चुनाव में भाजपा ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए दिखाई दे रही है। वहीं, कांग्रेस का प्रदर्शन इस बार भी राज्य में निराशाजनक रहा है। कांग्रेस को आम आदमी पार्टी (आप) की वजह से भी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसका अंदाजा आदिवासी इलाके पूर्वी पट्टी से लगाया जा सकता है। यहां पर अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए आरक्षित 27 सीटों में से तीन पर आप बढ़त बना ली है। भाजपा के साथ करीबी मुकाबले में इनमें से कम से कम छह सीटों पर आप दूसरे नंबर पर है।

यहां के रुझानों को देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि आदिवासियों ने कांग्रेस और उसकी पूर्व सहयोगी भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) को खारिज कर दिया है। कांग्रेस ने इस इलाके में 2017 में 27 में से 15 सीटों पर जीत हासिल की थी। इस बार सिर्फ 2 सीटों पर आगे चल रही है। इस इलाके में जिन दो सीटों पर आगे चल रही है। उसमें वंसदा और खेडब्रह्म सीट शामिल है। वंसदा सीट से तापी नर्मदा योजना के खिलाफ विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करने वाले अनंत चुनाव लड़ रहे हैं। जबकि खेडब्रह्म, जहां डॉ. तुषार चौधरी चुनाव लड़ रहे हैं। तुषार चौधरी, दिवंगत मुख्यमंत्री अमरसिंह चौधरी के बेटे हैं।

इस सीट से भाजपा ने कांग्रेस छोड़कर आए अश्विन कोतवाल को मैदान में उतारा था। 2017 में कांग्रेस के सीट पर आश्विन कोतवाल को जीत मिली थी। भारतीय ट्राइबल पार्टी (BTP) ने पिछले चुनावों में झगड़िया और देदियापाड़ा सीट पर जीत दर्ज की थी। दोनों ही सीट पर इस बार उसके उम्मीदवार पीछे चल रहे हैं। आदिवासी नेता और भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) के संस्थापक छोटू वसावा भी मतगणना में भरूच जिले की झगडीया सीट पर तीन दौर के बाद पीछे चल रहे हैं। छोटू वसावा ने इस बार निर्दलीय चुनाव लड़ा है।

1990 के दशक से छोटू वसावा ने जनता दल (यू) का प्रतिनिधित्व किया था। चाहे जिस पार्टी की राज्य में सरकार रही हो, लेकिन वह अपना गढ़ बचाने में हमेशा कामयाब रहते थे। महेश, जिन्होंने 2017 में देदियापाड़ा सीट जीती थी, ने अपने विश्वासपात्र चैतर वसावा के आप में शामिल होने के बाद झगड़िया से अपना नामांकन दाखिल किया था और अब इस सीट पर आगे चल रहे हैं, भाजपा दूसरे स्थान पर है। अब तक के नतीजों को देखें तो भाजपा ने 27 में 21 सीटों पर आदिवासी बेल्ट में नई पैठ बना ली है। हालांकि, संतरामपुर से निर्दलीय प्रत्याशी बाबू हीराभाई डामोर भूपेंद्र पटेल कैबिनेट के पूर्व मंत्री कुबेर डिंडोर से आगे चल रहे हैं।

ये भी पढ़ें- Himachal Results 2022: हिमाचल में कौन बनेगा मुख्यमंत्री, इन तीन कांग्रेस नेताओं का नाम सबसे आगे

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+