About Dhara 144 in Hindi, जानिए क्या है धारा-144, कब लगती है ये?

नई दिल्ली। एससी-एसटी ऐक्ट संशोधन को लेकर सवर्ण संगठनों के 'भारत बंद' को देखते हुए मध्य प्रदेश के कई जिलों में धारा 144 लगा दी गई है। कई संगठनों ने छह सितंबर को बंद का ऐलान किया है। बंद के ऐलान को देखते हुए प्रशासन ने ग्वालियर, शिवपुरी, मुरैना, भिंड, श्योपुर और छतरपुर के कलेक्टरों ने जिले में धारा 144 लगाई है। किसी भी शहर में हिंसा या तोड़फोड़ की आशंका को देखते हुए धारा 144 लगाई जाती है। आइए जानते हैं कि धारा 144 क्या है और इसके उल्लंघन पर क्या कार्रवाई हो सकती है।

144


{gallery-feature_1}

शांति व्यवस्था बनाये रखन के लिए की जाती है लागू

जब कहीं भी किसी हिंसा या तनाव के बाद इलाके का माहौल खराब होता है या खराब होने की संभावना होती है जिससे तनाव बढ़ने की उम्मीद है ऐसे वक्त में धारा 144 को ऐहतियातन उस इलाके में लागू किया जाता है।

यह पुलिस द्वारा घोषित किये जाने वाला एक आदेश होता है जिसे विशेष परिस्थितियों जैसे दंगा, लूटपाट, आगजनी, हिंसा, मारपीट को रोक फिर से शांति की स्थापना के लिए किया जाता है।

बाहर घूमने पर होता है प्रतिबंध

धारा 144 लागू होने के बाद उस ईलाके में नागरिकों की सुरक्षा के लिहाज से लोगों को घरों से बाहर गुट बनाकर घूमने पर प्रतिबंध होता है। यही नहीं यातायात को भी पूरी तरह से इस अवधि में रोक दिया जाता है। इसके साथ ही एक साथ लोगों के एक साथ एकत्र होने या ग्रुप में घूमने पर पूरी तरह से पाबंदी होती है।

{gallery-feature_2}

तीन साल तक सजा हो सकती है

इस दौरान सारे कानूनी अधिकार इलाके के मजिस्ट्रेट को दे दिये जाते हैं जिसपर शांति व्यवस्था को फिर से स्थापित करने की जिम्मेदारी होती है। इस दौरान कानून का उल्लंघन करने पर तीन साल तक की सजा हो सकती है साथ ही भारी जुर्माना या दोनों हो सकता है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+