Must Read: भारत के संविधान से जुड़े 10 रोचक तथ्य
नई दिल्ली। गणतंत्र भारत के संविधान की दृष्टि से नियंत्रित होता जो कि 26 नवंबर, 1949 को संविधान सभा द्वारा अपनाया गया और 26 जनवरी 1950 को अस्तित्व में आया। संविधान सरकार के संसदीय रूप को प्रदान करता है। यह तो हुई संविधान के औपचारिक प्रारूप की बात.. पर क्या आप जानते हैं कितना खास है हमारा संविधान।
यौन-शोषण से अपने बच्चों को बचाने के लिए जरूर पढ़ें यह बातें
आईये आपको बताते हैं इससे जुड़े कुछ रोचक तथ्यों को..
1. सबसे बड़ा संविधान: विश्व में भारत का संविधान सबसे बड़ा है, इसमें 448 अनुच्छेद, 12 अनुसूचियाँ और 94 संसोधन शामिल हैं।
2. मार्गदर्शक पथ: उद्देश्य संकल्प 13 दिसंबर 1946 को पण्डित जवाहर लाल नेहरू द्वारा लाया गया था। इसने संविधान के लिए एक रूपरेखा के रूप में कार्य किया।
आगे की खबर पढ़ने के लिए नीचे की स्लाइडों पर क्लिक कीजिये...

समिति की स्थापना
29 अगस्त 1947 को भारत के संविधान का मसौदा तैयार करने वाली समिति की स्थापना हुई जिसमें अध्यक्ष के रूप में डॉ भीमराव अम्बेडकर की नियुक्ति हुई।

संविधान का मसौदा
संविधान का मसौदा तैयार करने वाली समिति हिंदी तथा अंग्रेजी दोनों में ही हस्तलिखित और कॉलीग्राफ्ड थी- इसमें किसी भी तरह की टाइपिंग या प्रिंट का प्रयोग नहीं किया गया।

शुभ मुहुर्रत
जिस दिन संविधान तैयार किया जा रहा था, उस दिन बारिश हो रही थी। भारत की संस्कृति में इसे शुभ संकेत माना जाता है।

इसे पारित करने के लिए समय अवधि
संविधान सभा में संविधान को प्रस्तुत करने के बाद इसे पारित करने में 2 वर्ष, 11 महीने और 17 दिन का समय लगा।

हस्ताक्षर
संविधान सभा के 284 सदस्यों ने 24 जनवरी 1950 को दस्तावेज़ पर हस्ताक्षर किए। 2दिन बाद इसे प्रभाव में लाया गया।

उधार लिए गए बिंदु
संविधान के कुछ बिंदुओं को दूसरे देश के संविधानों से लिया गया है जैसे की स्वतंत्रता का सिद्धांत, समानता और भाईचारा फ्रांसीसी संविधान से लिया गया है।

राष्ट्रीय प्रतीक
26 जनवरी 1950, भारतीय सरकार ने सारनाथ, चक्र के साथ अशोक की राजधानी का प्रतीक शेर, बैल और घोड़े को राष्ट्रीय प्रतीक के रूप में अपनाया।

सबसे अच्छे संविधानों में
भारतीय संविधान को दुनिया के सबसे अच्छे संविधानों में से एक माना जाता है।













Click it and Unblock the Notifications