Saif Ali Khan Case: कोर्ट ने बढ़ाई सैफ के हमलावर शरीफुल इस्लाम की रिमांड, सैफ का भी बयान हुआ दर्ज
Saif Ali Khan Case: सैफ अली खान पर 16 जनवरी देर रात हमला करने वाले आरोपी शरीफुल इस्लाम शहजाद की पुलिस रिमांड बढ़ा दी गई है। पुलिस ने बीते रविवार को उसे कोर्ट के सामने पेश किया था। जहां कोर्ट ने 5 दिन की पुलिस रिमांड में शहजाद को भेजने का फैसला सुनाया था। आज यानी 24 जनवरी को रिमांड खत्म होते ही उसे दोबारा कोर्ट में पेश किया गया। जहां कोर्ट ने फिर से शहजाद की रिमांड बढ़ दी है।
अब शरीफुल इस्लाम 29 जनवरी तक पुलिस रिमांड में रहेगा। हालांकि शरीफुल के वकील ने बचाव करते हुए कोर्ट सीसीटीवी फुटेज का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पुलिस ने जो फुटेज जारी किया उसमें जो शख्स दिखा वो कोई और है। बता दें, मुंबई पुलिस ने हमलावर को एक UPI ट्रांजेक्शन से पकड़ा था। इस ट्रांजेक्शन की वजह से पुलिस को उसका नंबर मिला। इसके बाद जब उन्होंने नंबर ट्रेस किया तो शहजाद की लोकेशन पता चली। शहजाद को पकड़ने के लिए मुंबई पुलिस के 100 से अधिक पुलिसकर्मी जुटे हुए थे।

डावकी नदी पर ली थी भारत में एंट्री
शरीफुल मूलत: बांग्लादेश का रहने वाला है और वो भारत नौकरी की तलाश में आया था। शरीफुल ने मेघालय में भारत-बांग्लादेश सीमा पर स्थित डावकी नदी को पार कर एंट्री ली थी। इसका मतलब डंकी के रास्ते आया था। यहां वह कथित तौर पर बिजॉय दास की फर्जी पहचान से गया था। बंगाल में कुछ सप्ताह बिताने के बाद, वह रोजगार के अवसर की तलाश में मुंबई आया। शहजाद ने जानबूझकर ऐसी जगहें चुनीं जहां वह बिना कोई दस्तावेज जमा किए काम कर सके। रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि अमित पांडे नाम के एक श्रमिक ठेकेदार ने ठाणे और वर्ली क्षेत्र में पब और होटलों में हाउसकीपिंग का काम दिलाने में शहजाद की मदद की।
बांग्लादेश में परिवार से की थी बात
शुरुआत में शहजाद ने पुलिस को बताया कि वह कोलकाता का रहने वाला है। हालांकि उसके कॉल रिकॉर्ड की जांच करते समय, अधिकारियों को बांग्लादेश स्थित नंबरों पर कई आउटगोइंग फोन कॉल मिले। उन्होंने बताया कि शहजाद ने बांग्लादेश में अपने परिवार को कॉल करने के लिए मोबाइल ऐप का भी इस्तेमाल किया था।












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