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Bhilai Steel Plant के डॉक्टरों की लापरवाही, मरीज के पेट में पहुंचा कांच का टुकड़ा, मुश्किल से बची तुषार की जान

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छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में डॉक्टरों की लापरवाही थमने का नाम नहीं ले रही है। यह लापरवाही मरीजों के लिए जानलेवा साबित हो रही है। भिलाई में आज फिर एक मामला सामने आया है। यहां भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन द्वारा संचालित पं. जवाहर लाल नेहरू अनुसंधान एवं चिकित्सालय भिलाई में मरीज की जांच के दौरान डॉक्टर की गलती से कांच के बना इंस्ट्रूमेंट टूटकर पेट में चला गया। इसके बाद अस्पताल में अफरा तफरी मच गई। जबकि एक दिन पहले ही भिलाई के 4 डॉक्टरों पर एफआइआर दर्ज किया गया है।

गले में इंफेक्शन से पीड़ित था मरीज

गले में इंफेक्शन से पीड़ित था मरीज

आपको बता दें कि भिलाई स्टील प्लांट के ERS विभाग के कर्मचारी गले में इंफेक्शन से पीड़ित अपने 22 वर्षीय पुत्र तुषार का इलाज सेक्टर-9 अस्पताल में चल रहा था। इसी दौरान शुक्रवार को वह बेटी का रूटीन चेकअप कराने के हॉस्पिटल पहुंचा। कान नाक गला रोग विशेषज्ञ डाक्टर अश्विन और डाक्टर गिरीश तुषार की जांच कर रहे थे।

पेट में पहुँचा कांच का टुकड़ा, डॉक्टर के उड़े होश

पेट में पहुँचा कांच का टुकड़ा, डॉक्टर के उड़े होश

दरअसल यह घटना उस समय हुआ जब डॉक्टर मरीज के गले की जांच कर रहा था। तब मुह में एक कांच से बना इंस्ट्रूमेंट डाला गया। इस दौरान कांच का इंस्ट्रूमेंट टूट गया। इसके बाद मरीज के गले से वह पेट में पहुंच गया। कांच के टुकड़े के पेट में जाते ही मरीज घबराने लगा। डाक्टरों के होश उड़ गए। जब बात हॉस्पिटल में फैली तो हड़कंप मच गया।

बड़ी मशक्कत से निकाला गया कांच का टुकड़ा

बड़ी मशक्कत से निकाला गया कांच का टुकड़ा

सेक्टर 9 हॉस्पिटल भिलाई में इस घटना के बाद डाक्टरों ने तुरन्त मरीज का एक्सरे करवाया। जिससे कांच के सही लोकेशन पता चला। डॉक्टरों ने काफी मशक्कत के बाद कांच के टुकड़े को एंडोस्कोपी के माध्यम से बाहर निकाला। टुकड़े को निकालते वक्त यह फेफड़े में फंस गया था। इससे बाद भी तुषार को करीब चार घंटे तक आब्जर्वेशन में रखा गया।

तुषार ने बताई आपबीती, मुश्लिक से बची जान

तुषार ने बताई आपबीती, मुश्लिक से बची जान

इस घटना के बाद पीड़ित तुषार ने बताया कि वे जांच के लिए हॉस्पिटल पहुंचे थे। हॉस्पिटल के ईएनटी विभाग में जांच के दौरान एक इंस्ट्रूमेंट गले में डाला गया. डॉक्टर जीभ को दबाकर जांच कर रहे थे। तभी इंस्ट्रुमेंट टूट गया, जीभ दबी हुई थी। तो टुकड़ा पेट में चल गया। करीब एक घंटे के मशक्कत के बाद टुकड़े को बाहर निकाला लिया गया। डाक्टरों ने पूरी कोशिश की।

4 डॉक्टरों पर दर्ज हुआ है अपराध, हॉस्पिटल पर लगेगा ताला

4 डॉक्टरों पर दर्ज हुआ है अपराध, हॉस्पिटल पर लगेगा ताला

दरअसल इसी तरह भिलाई के सिद्धि विनायक चाइल्ड हॉस्पिटल में चार डॉक्टर और तीन नर्सिंग स्टाफ पर पर अपराध दर्ज किया है । इन पर देवबलौदा निवासी 10 माह के मासूम के इलाज में लापरवाही का आरोप लगा है। इसके साथ ही जिला प्रशासन ने अस्पताल को बंद करने का आदेश जारी कर दिया है। इसके लिए शिवांश के पिता डिकेश वर्मा ने सीएम से गुहार लगाई थी।

य़ह भी पढ़ें... CM Bhupesh के निर्देश के बाद शिवांश के परिजनों को मिला न्याय, हॉस्पिटल में लगेगा ताला, डॉक्टरों पर FIR दर्ज

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English summary
Bhilai Steel Plant, Negligence of the doctors of a piece of glass reached the patient's stomach, barely saved Tushar's life
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