पेट और कूल्हे से आपस में जुड़ी थी दो बहनें, 24 घंटे चली सर्जरी के बाद मिली नई जिंदगी

दिल्ली। उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के शरीर से जुड़े जुड़वां बच्चों को दिल्ली के एम्स में 24 घंटे चली सर्जरी के बाद शनिवार को सफलतापूर्वक अलग कर दिया गया। दोनों बच्चे कूल्हे और पीठ के नीचे के हिस्से से एक दूसरे से जुड़े थे। बच्चों की सर्जरी शुक्रवार सुबह साढ़े आठ बजे शुरू हुई और शनिवार को सुबह नौ बजे के बाद तक जारी रही। एम्स के निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया ने सर्जरी की आवश्यकता को समझते हुए इसे तत्काल स्वीकृति प्रदान की। सर्जरी के दौरान कुल 64 स्वास्थ्य कर्मियों ने योगदान दिया।

24 घंटे की लंबी सर्जरी के बाद डॉक्टरों ने बचाई जुड़वां बहनों की जान

24 घंटे की लंबी सर्जरी के बाद डॉक्टरों ने बचाई जुड़वां बहनों की जान

दिल्ली के एम्स अस्पताल के डॉक्टरों ने 24 घंटे की लंबी सर्जरी कर एक दूसरे से जुड़ी जुड़वां बहनों की जान बचाई है। बता दें, उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के दो बच्चे एम्स में भर्ती कराए गए थे। गंभीरता को देखते हुए एम्स के निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया ने सर्जरी करने के तत्काल निर्देश दिए। बच्चों की सर्जरी शुक्रवार सुबह साढ़े आठ बजे शुरू हुई और शनिवार को सुबह नौ बजे के बाद तक जारी रही। 24 घंटे के बाद दोनों बच्चों के अलग कर दिया गया।

कूल्हे और पेट से जुड़ी थी दोनों बहनें

कूल्हे और पेट से जुड़ी थी दोनों बहनें

दोनों बहनों कूल्हे और पेट से जुड़ी हुई थी। इनकी उम्र दो साल है। डॉक्टरों के मुताबिक, सबसे पहले प्लास्टिक सर्जन ने त्वचा को हटाया। उसके बाद पीडियाट्रिक सर्जन ने कूल्हे से जुड़े हुए हिस्से को अलग किया। इसके बाद सिर की नसों को जोड़ा गया। इसके बाद प्लास्टिक सर्जरी से उसे ढका गया। यह पूरी प्रक्रिया काफी जटिल थी। उसके बावजूद बच्चों की सर्जरी सफल रही। कोरोना संक्रमण के चलते अस्पताल में सर्जरी बंद है, उसके बावजूद अस्पताल के सभी नियमों को ध्यान में रखते हुए दोनों बहनों की सफल सर्जरी की गई। इस आपरेशन से जुड़े लोगों के मुताबिक, इस सर्जरी को सफल बनाने के लिए कई विभाग के डॉक्टरों ने हिस्सा लिया था।

ओडिशा के रहने वाले दो जुड़वां बच्चों की हुई थी सर्जरी

ओडिशा के रहने वाले दो जुड़वां बच्चों की हुई थी सर्जरी

इससे पहले ओडिशा के रहने वाले दो जुड़वां बच्चों को जुलाई 2017 में एम्स में भर्ती कराया गया था। दोनों बच्चे सिर से एक-दूसरे से जुड़े हुए थे, इसलिए उनकी सर्जरी बेहद चुनौतीपूर्ण थी। एम्स में 125 डॉक्टरों व पैरामेडिकल कर्मचारियों की टीम ने दो चरणों में 45 घंटे की सर्जरी के बाद उन्हें एक-दूसरे से अलग करने में सफलता हासिल की थी। उनकी पहली सर्जरी अगस्त में और दूसरी सर्जरी अक्टूबर में हुई थी। इसके बाद वे करीब दो साल तक एम्स में भर्ती रहे।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+