अडानी ग्रुप मामले में SC ने फैसला सुरक्षित रखा, सेबी को लेकर कही ये बात
अडानी ग्रुप पर हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट में कई याचिकाएं दायर की गई थी। इन याचिकाओं पर सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया।
चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड ने सेबी के इस पूरे मामले को लेकर लगाए आरोपों पर असंतोष जाहिर किया है। चीफ जस्टिस ने एडवोकेट प्रशांत भूषण ने कहा कि सेबी वैधानिक निकाय है और इसका मुख्य कार्य शेयर बाजार में किसी भी हेरफेर ना हो इसपर नजर रखना।

ऐसे में बिना किसी पुख्ता सबूत के कोर्ट के लिए यह कहना कि सेबी पर भरोसा नहीं किया जा सकता है और हम इसके लिए एसआईटी का गठन करें यह गलत होगा। बता दें कि वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण याचिकाकर्ताओं की ओर से कोर्ट में पेश हुए थे।
चीफ जस्टिस ने कहा कि हम यह नहीं कह रहे हैं कि हमे सेबी पर कोई संदेह नहीं है लेकिन हम हमारे पास इतने पुख्ता सबूत नहीं है कि हम इस वैधानिक संस्था की अविश्वसनीय कह दें। उन्होंने पूछा सेबी को क्या करना चाहिए। पत्रकारों के पास जाएं जो उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं और जिनकी खबर सूत्रों पर आधारित हैं।
एक्सपर्ट कमेटी द्वारा सौंपी गई जांच पर सवालों को लेकर दायर की गई याचिका पर सुप्रीम कोर्ट की बेंच चीफ जस्टिस, जस्टिस जेबी पारदीवाला, जस्टिस मनोज मिश्रा ने सुनवाई करते हुए लगाए गए आरोपों को दरकिनार कर दिया। प्रशांत भूषण ने आरोप लगाया कि कमेटी के कुछ सदस्यों में हितों का टकराव है, वो अडानी ग्रुप से जुड़े हैं। उन्होंने ओपी भट्ट पर सवाल खड़ा करते हुए कहा वह ग्रीनको के चेयरमैन हैं, उनका अडानी ग्रुप से करीबी संबंध है।
इसपर मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि वो अडानी ग्रुप के ही काउंसिल नहीं थे ना ही उनके साथ उनका करार था। वकील अलग-अलग केस में कोर्ट में पैरवी कर सकते हैं। आप 17 साल पहले के मामले का जिक्र कर रहे हैं जिसमे वो कोर्ट में पेश हुए थे। आपको आरोप लगाते समय इसकी कुछ तो जिम्मेदारी लेनी चाहिए। ऐसे में तो लोग सुप्रीम कोर्ट की कमेटी में शामिल होने से कतराने लगेंगे।
हम चाहते तो हाई कोर्ट के रिटायर जज को उसमे ले सकते थे, लेकिन हम किसी ऐसे को चाहते थे जो इस क्षेत्र में एक्सपर्ट हो। लिहाजा हमे किसी पर ऊंगली उठाते वक्त सोचना चाहिए, हम यहां किसी को चरित्र प्रमाण पत्र नहीं दे रहे हैं लेकिन आप इस तरह से आरोप नहीं लगा सकते हैं।












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