'सबसे बड़ी क्रिप्टो चोरी', हैकर्स ने चुराई 4500 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम
नई दिल्ली, 11 अगस्त। डिजिटल करेंसी के इतिहास में सबसे बड़ी चोरी को अंजाम दिया गया है। हैकरों ने पॉली नेटवर्क पर हमला कर 61 करोड़ डॉलर यानि लगभग 4571 करोड़ रुपये की क्रिप्टोकरेंसी चुरा ली। पॉली नेटवर्क कंपनी अपने यूजर्स को ब्लॉकचेन में बिना किसी केंद्रीय प्राधिकरण की मंजूरी के कारोबार की अनुमति देती है। डेफी स्पेस यानि डिसेंट्रलाइज फाइनेंस के क्षेत्र में इसे अब तक की सबसे बड़ी हैकिंग माना जा रहा है। पहली बार ऐसा हुआ है जब हैकर्स ने इतनी बड़ी रकम की चोरी को अंजाम दिया है।

कंपनी ने बताया इतिहास की सबसे बड़ी रकम
ट्विटर पर पोस्ट में पॉलीनेटवर्क ने दावा किया कि इस हैकिंग से हजारों उपयोगकर्ता प्रभावित हुए हैं। कंपनी ने एक ट्वीट में कहा कि "हमें यह घोषणा करते हुए खेद है कि पॉलीनेवटवर्क पर हमला किया गया था" और संपत्ति हैकर्स के द्वारा कंट्रोल किए जा रहे खातों में स्थानांतरित कर दी गई।
इसके साथ ही पॉली नेटवर्क ने हैकर्स के द्वारा उपयोग किए ऑनलाइन एड्रेस भी पोस्ट किए, और उनसे आने वाले "प्रभावित ब्लॉकचेन और क्रिप्टो एक्सचेंजों के माइनर्स को ब्लैकलिस्ट करने को कहा है।
पोलीनेटवर्क ने हैकर्स को संबोधित करते हुए ट्वीट में कहा है "आपके द्वारा हैक की गई राशि इतिहास में सबसे बड़ी है। आपके द्वारा चुराया गया पैसा क्रिप्टो समुदाय के हजारों सदस्यों का है।"
पॉली नेवटर्क ने हैकर्स से समाधान निकालने का मौका देने की बात करते हुए कानूनी कार्रवाई की धमकी भी दी है। क्रिप्टोकरेंसी नेटवर्क में सबसे बड़ी हैकिंग को लेकर अभी तक अमेरिका न्याय विभाग और संघीय जांच एजेंसी (एफबीआई) ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

कौन सी क्रिप्टोकरेंसी बनी ज्यादा शिकार?
पॉली नेटवर्क ने हालांकि कुल चोरी क्रिप्टोकरेंसी की मात्रा के बारे में नहीं बताया है लेकिन लेकिन ट्विटर यूजर्स ने हैकिंग की कुल कीमत 60 करोड़ डॉलर यानि 45 अरब रुपये से ज्यादा आंकी गई है।
ऐसा माना जा रहा है कि हैकिंग के जरिए एथेरियम ब्लॉकचेन की वर्चुअल करेंसी ईथर पर हैकर्स ने सबसे ज्यादा हाथ साफ किया है। अनुमान के मुताबिक हैकर्स ने 27.3 करोड़ अमेरिकी डॉलर की कीमत की ईथर चोरी कर ली है जबकि बिनांस की 25.3 करोड़ डॉलर की रकम साफ की है।
स्थिर कॉइन टीथर भी चोरी का एक हिस्सा था लेकिन इसने 3.3 करोड़ डॉलर को फ्रीज कर दिया है, जिससे हैकर्स के लिए इसे निकालना मुश्किल हो गया है।

क्रिप्टो हैकिंग में तेजी से बढ़ोतरी
सिफरट्रेस के एक अध्ययन के अनुसार अप्रैल के अंत तक इस साल क्रिप्टोकरेंसी चोरी, हैकिंग और धोखाधड़ी कुल मिलाकर भी 43.2 करोड़ डॉलर थी जो कि ताजा हैकिंग से काफी कम है।
सिफरट्रेस ने एक पोस्ट में कहा है कि डेफी (विकेंद्रीकृत मुद्रा) से संबंधित हैक अब कुल हैक और चोरी की मात्रा का 60 प्रतिशत अधिक है। पिछले वर्षों की तुलना में यह संख्या छोटी लग सकती है लेकिन गहराई से देखने पर खतरनाक प्रवृत्ति का पता चलता है। खासतौर पर जब इसकी तुलना 2019 से की जाती है जब डेफी हैकर्स न के बराबर थे।












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