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राजदेव रंजन हत्याकांड की जांच में मदद नहीं कर रहे शहाबुद्दीन

By Rahul Sankrityayan
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नई दिल्ली। बिहार में पत्रकार राजदेव रंजन हत्याकांड में आरोपी राष्ट्रीय जनता दल के नेता मोहम्मद शहाबुद्दीन ने लाइ डिटेक्टर टेस्ट कराने से इनकार कर दिया है और वो जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं।

यह जानकारी केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के सूत्रों ने शुक्रवार को दी।

राजदेव रंजन हत्याकांड की जांच में मदद नहीं कर रहे शहाबुद्दीन

समाचार एजेंसी प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (PTI) के अनुसार बिहार के सीवान से 4 बार सांसद रहे शहाबुद्दीन मामले से जुड़े तथ्यों के विषय में झूठ बोल रहे हैं और छिपा रहे हैं।

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हिन्दी अखबार हिन्दुस्तान के सीवान ब्यूरो चीफ रहे राजदेव रंजन हत्याकांड के मामले में हुई प्रगति के बारे में जांच एजेंसी मुजफ्फरपुर के स्पेशल कोर्ट को अवगत कराएगी। बता दें कि बीते साल मई में राजदेव की हत्या कथित तौर पर शहाबुद्दीन के कहने पर हुई थी।

सहमति लेना अनिवार्य

जब राजदेव की हत्या हुई थी तो शहाबुद्दीनअन्य आपराधिक मामलों के संबंध में जेल में थे। बाद में उन्हें तिहाड़ जेल भेजा गया। सूत्रों ने कहा कि पॉलीग्राफ टेस्ट के लिए उन्हें पेश करने से पहले अभियुक्त की सहमति लेना अनिवार्य है, जिसे लाइ डिटेक्टर टेस्ट भी कहा जाता है।

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एजेंसी केस के सिलसिले में आठ दिनों के लिए उनकी हिरास मिलने करने के बाद शहाबुद्दीन से पूछताछ कर रही है। आठ दिन की हिरासत सोमवार को खत्म हो जाएगी।

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English summary
RJD leader Mohammad Shahabuddin, accused in the journalist Rajdeo Ranjan murder case, refuses to undergo lie detector test
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