Flashback 2022: बिहार का सबसे चहेता बच्चा जो रातों रात बना था स्टार, अब कैसी है Viral Boy के गांव की तस्वीर ?
Flash Back 2022: सोनू कुमार के वायरल होने के बाद उसकी तस्वीर तो बदल गई, लेकिन नहीं बदली है तो सोनू के गांव की तस्वीर। सोनू कुमार को मिला सारा आश्वासन चर्चा खत्म होते ही ठंडे बस्ते में चला गया है।
Flashback 2022: बिहार की शिक्षा व्यवस्था ज्यादातर सवालों के घेरे में ही रहती है। प्रदेश के मुखिया नीतीश कुमार के सामने सोनू कुमार ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर बेबाकी से अपनी बात रखी थी। सीएम के सामने अपनी शिकायत करने के बाद से ही सोनू सुर्खियों में छा गया। सोनू की चर्चा तेज़ होते ही प्रदेश के दिग्गज नेता उससे मिलने नालंदा के हरनौत पहुंचने लगे। कई मशहूर हस्तियां सोनू को बेहतर शिक्षा दिलाने के लिए आगे आने लगी। सोनू ने सबके ऑफर पर विचार विममर्श किया और कोटा (राजस्थान) में दाखिला ले लिया। सोनू की तस्वीर अब बिल्कुल बदल चुकी है, लेकिन नहीं बदली है तो उसके गांव की तस्वीर।

बेबाक अंदाज़ से चर्चाओं में आया था सोनू
सोनू पहले मीडिया से घिरा रहता था, लेकिन अब वह अपनी शिक्षा पर ही ध्यान दे रहा है। सोनू के वायरल होने के बाद बिहार के दिग्गज नेताओं ने उसके गांव की तस्वीर बदलने का आश्वासन दिया था, लेकिन सोनू की चर्चा थमते ही नेताओं के आश्वासन भी ठंडे बस्ते में चली गई। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सामने सोनू ने सरकारी स्कूलों में शिक्षा की पोल खोल दी थी, लेकिन अब सोनू गांव की दुनिया से दूर अपनी पढ़ाई पर ही ज़ोर दे रहा है। गांव के हालात पर उसके कोई बयान नहीं आ रहे हैं। वहीं जिन दिग्गज नेताओं ने गांव की तस्वीर बदलने का आश्वासन दिया था, उन्होंने भी खामोशी एख्तियार कर ली है।

घर पर सिर्फ पहुंचा पानी का कनेक्शन
सोनू के वायरल होने के बाद उन्हें बेहतर शिक्षा के कई ऑफर आए लेकिन लेकिन सोनू ने एलएन इंस्टिट्यूट (कोटा, राजस्थान) का ऑफर कबूल किया औऱ बेहतर शिक्षा के लिए कोटा रवाना हो गया। सोनू के गांव की तस्वीर तो नहीं बदली है हां उनके घर तक पानी का कनेक्शन ज़रूर पहुंच गया। इसके अलावा सोनू जब गांव में था, तो वह बच्चों को पढ़ाता था, लेकिन अब उसका ट्यूशन बंद पड़ा है।

ठंडा पड़ा सोनू को मिला आश्वासन
सोनू जब पढ़ाई के लिए कोटा चला गया था तो एक नेता ने ट्यूशन केंद्र पर एक ट्यूटर रखवाई थी। ट्यूशन केंद्र में बेंच, डेस्क और सेलिंग फैन का भी इंतज़ाम हो गया था। सोनू के जाने के बाद तीन महीने तक ट्यूशन केंद्र चला लेकिन ट्यूटर को मानदेय नहीं मिलने की वजह से बंद हो गया। सोनू जब वायरल हुआ था तो उससे मिलने आये नेताओं ने गलियों की हालत और हर घर नल जल पहुंचाने के आश्वासन दिया था, लेकिन सोनू का मामला ठंडा पड़ते ही सारा अश्वासन ठंडा पड़ गया है।
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