Bihar Budget 2022-23: 28 फरवरी को नीतीश सरकार पेश करेगी बिहार बजट, स्वास्थ्य और महिला विकास पर रहेगा जोर!
पटना, 24 फरवरी। बिहार की नीतीश सरकार बजट सत्र की तैयारी में जुटी है। विधानसभा का यह सत्र 25 फरवरी से 31 मार्च तक चलेगा। राज्यपाल फागू चौहान के अभिभाषण के साथ सत्र की शुरुआत होगी। नीतीश सरकार 28 फरवरी को बिहार बजट 2022-23 पेश करेगी। बजट सत्र के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने के लिए विधानसभा परिसर में करीब तीन सौ सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। इस बार के बिहार बजट में नीतीश सरकार ने पिछले साल की अपेक्षा दस प्रतिशत की बढ़ोतरी की तैयारी की है। 2021-22 का बिहार बजट 2,18,302 करोड़ का था। करीब दस प्रतिशत की बढ़ोतरी के अनुमान के साथ इस बार बिहार बजट 2.40 लाख करोड़ का हो सकता है।

बिहार बजट की तैयारी के लिए वित्त विभाग ने अन्य सभी विभागों से वर्ष 2022-23 के लिए आय-व्यय का ब्यौरा प्राप्त कर लिया है। विभागों के अधिकारी और आर्थिक मामलों के विशेषज्ञों की मीटिंग भी इसको लेकर आयोजित की जा चुकी है। कोरोना महामारी के काल में बजट 2022-23 में नेशनल हेल्थ मिशन को पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में 1100 करोड़ से ज्यादा की राशि मिलने की संभावना जताई जा रही है। बिहार बजट 2022-23 में पिछले वित्तीय वर्ष की अपेक्षा करीब 22 हजार करोड़ से ज्यादा की बढ़ोतरी करने की नीतीश सरकार ने तैयारी की है।
ऐसा कहा जा रहा है कि इस बार के बजट में नीतीश सरकार प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने और महिलाओं के विकास के मुद्दों पर ज्यादा ध्यान देगी। नए हॉस्पिटल के निर्माण के प्रस्ताव से लेकर सरकारी अस्पतालों में मरीजों को इलाज में सुविधा देने के लिए बजट में पिछले साल की अपेक्षा ज्यादा राशि दिए जाने के अनुमान हैं। वहीं, महिलाओं के विकास के लिए उनकी शिक्षा और आत्मनिर्भर बनाने से संबंधित योजनाओं पर भी बजट में नीतीश सरकार इस बार ज्यादा खर्च करेगी, ऐसी संभावना है। प्रदेश में छात्र-छात्राओं को कंप्यूटर ट्रेनिंग देने पर भी बजट में योजना हो सकती है ताकि डिजिटल बिहार का सपना साकार हो सके। प्रदेश के आधारभूत ढांचा को और मजबूत करने के लिए, सड़क, बिजली समेत अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी परियोजनाओं के बारे में बजट में प्रावधान की संभावना है।
बिहार में बजट सत्र को शांतिपूर्ण बनाने के लिए नीतीश सरकार हरसंभव उपाय करने में जुटी है। इसको लेकर विधानसभा अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा ने पटना के प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मीटिंग की जिसमें उन्होंने विधानसभा परिसर में सीसीटीवी लगाने समेत अन्य निर्देश दिए। डीएम चंद्रशेखर सिंह ने कहा है कि विधानसभा के बाहर या सत्र के दौरान किसी प्रकार के धरना प्रदर्शन को रोकने का काम करेंगे। डीएम ने कहा कि धरना-प्रदर्शन के लिए गर्दनीबाग में जगह बना दी गई है, जिनको भी विरोध करना हो वे वहां जाएं। बजट सत्र के दौरान सिर्फ वही लोग विधानभवन में प्रवेश कर सकेंगे जिनके पास कार्ड होगा। अफसरों और कर्मचारियों को भी निर्देश है कि ड्यूटी में किसी तरह की लापरवाही न हो।












Click it and Unblock the Notifications