फेसबुक दिलाएगा दाना संगमा को न्याय

Dana Sangma
गुडग़ांव। मेघालय मूल की दाना संगमा की मौत के बाद शुक्रवार को उसके परिजनों ने जस्टिस फॉर दाना नाम से सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक का सहारा लिया है। मानेसर स्थित एमिटी विश्वविद्यालय में एमबीए प्रथम वर्ष की छात्रा रही दाना के परिजनों ने न्याय के लिए इस पेज को तैयार किया है। सोमवार को इस पेज पर करीब 1500 से अधिक लोग लाईक करके जुड़ चुके हैं। मंगलवार दोपहर हॉस्टल के कमरे में पंखे के सहारे फांसी के फंद से दामा की लाश मिली थी।

मामले में कॉलेज प्रबंधक ने बयान दिया कि परीक्षा में मोबाइल फोन के जरिए नकल करते पकड़े जाने पर दाना संगमा को परीक्षा हॉल से बाहर निकाला गया था, जिसके बाद उसने आत्महत्या कर ली। बुधवार शाम मृतका की मौसी सोफिया संगमा की शिकायत पर कॉलेज प्रबंधक के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने और एससी-एसटी के तहत मामला दर्ज किया गया है। परिजनों का आरोप है कि कॉलेज प्रबंधक मेघालय मूल की होने के कारण दाना के साथ भेदभाव करता था। कॉलेज प्रबंधक ने मानसिक रूप से परेशान किया, जिससे उसने आत्महत्या की । हालांकि इस मामले में पुलिस ने अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया है।

फेसबुक पेज पर शुक्रवार रात करीब 8 बजे दाना एम संगमा की जानकारी डाली गई। इसमें दाना के दोस्तों ने बताया कि दाना ने अपनी जेब में रखे फोन को परीक्षा निरीक्षक को देने के लिए निकाला था। लेकिन निरीक्षक सुप्रियो घटक ने दाना पर मोबाइल नकल करने का आरोप लगाया। इसके बाद दाना को मिस्टर ढींगरा के कमरे में भेजा गया।

10 मिनट बाद दाना वापस परीक्षा कक्ष में आई। पीछे-पीछे मिस्टर ढींगरा आए और कुछ बहस करने के बाद दाना की उत्तर पुस्तिका फाडकर उसे क्लास से बाहर निकाल दिया। इस मामले में एमिटी विश्वविद्यालय की जनसंपर्क अधिकारी सविता मेहता ने कहा कि पुलिस पूरे मामले की जांच की रही है। जांच में जो दोषी होगा उस पर कार्रवाई होगी।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+