उत्तर प्रदेश: भांजे ने किया मामा के बेटे का अपहरण

गाजीपुर के मानस इन्क्लेव में रहने वाले धर्म नारायण उपाध्याय के घर उनका भांजा सुनीत कई दिनों से रह रहा था। आजमगढ़ का रहने वाले सुनीत मिश्रा की नजर उनकी दौलत पर थी। धर्म नारायण का बेटा वैभव उर्फ सोनू हमेशा की तरह से घर के पास में स्थित लक्ष्मी कान्वेट स्कूल गया था। सुनीत ने मामा की वैगनार कार मांगी और सोनू को स्कूल से लाने की बात कहकर निकल गया।
धर्म नारायण को यह अंदाज भी न था कि उनके साथ कोई अनहोने घटने वाली है। सुनीत कार लेकर गया लेकिन काफी देर वापस नहीं आया। घरवालों ने जब सुनीत का मोबाइल फोन मिलाया तो वह भी बंद था। घरवाले सीधे स्कूल पहुंच गए। पता चला कि कुछ लोग कार से आए थे और सोनू को अपने साथ ले गए। घरवालों को कुछ समझ में नहीं आया। उसी वक्त धर्मनारायण के घर पर फोन आया।
फोन किसी महिला ने किया था। महिला ने बताया कि सोनू का अपहरण कर लिया है। फोन करने वाली महिला ने 15 लाख रूपयोंं की फिरौती मांगी। सोनू के अपहरण की बात पता चलते ही घर में कोहराम मच गया। घरवालों ने फौरन इस बात की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस के अधिकारी धर्म नारायण के घर पहुंचे जहां उन्हें पूरी घटना का पता चला। पुलिस ने मामले की छानबीन करने के लिए सर्विलांस का सहारा लिया।
पुलिस को अगले दिन पता चला कि घर से गायब सुनीत का फोन सीतापुर के आसपास है। पुलिस की एक टीम सीतापुर पहुंची सिसंवा थाना क्षेत्र के नकटवहर गांव से पांच अपहरणकर्ताओं को धर लिया। पुलिस ने सोनू को सकुशल बचा लिया। मुख्य अभियुक्त सुनीत मौके से भागने में सफल रहा जबकि उसके अन्य साथी शमशुद्दीन, यासीन, मुबीन राशिद और तनू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।












Click it and Unblock the Notifications