भारतीय सांसद को श्रीलंका में प्रवेश नहीं
चिदम्बरम संसदीय क्षेत्र से पहली बार सांसद निर्वाचित तिरुमावलावन तमिल विद्रोही वेलु प्रभाकरन की मां की अंत्येष्टि में शामिल होने के लिए श्रीलंका गए थे। लंबे समय से बीमार प्रभाकरन की मां पार्वती वेलु पिल्लई का निधन रविवार को हो गया था। प्रभाकरन को सुरक्षा बलों ने मई, 2009 में विद्रोहियों के खिलाफ चलाए गए अभियान के दौरान मार गिराया था।
यहां पत्रकारों से बातचीत में तिरुमावलावन ने कहा कि वह इस मुद्दे को संसद में उठाएंगे। श्रीलंका के रवैये से नाराज वीसीके के नेताओं ने राज्य में प्रदर्शन भी किया और श्रीलंका के राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे का पुतला जलाया।
पीएमके के संस्थापक एस. रामदौस ने भी श्रीलंका सरकार के इस रवैये की निंदा की है। एक बयान जारी कर उन्होंने कहा, "तिरुमावलावन के पास कूटनीतिक पासपोर्ट है और उन्हें किसी भी वक्त किसी भी देश की यात्रा का अधिकार है। उन्हें वापस भेजा जाना भारत और भारतीय विदेश मंत्रालय का अपमान है।"
तमिलनाडु में हत्या के एक मामले में संदिग्ध श्रीलंका के मंत्री डॅगलस देवानंद की भारत यात्रा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, "हत्या का आरोपी भारत की स्वतंत्र यात्रा करता है, जबकि भारत के सांसद को वहां से वापस भेज कर देश का अपमान किया जाता है।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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