'किसी को भी लाल चौक के पास नहीं आने दिया जाएगा'

वहां राज्य की पुलिस और अर्द्दसैनिक बल तैनात किए गए हैं.किसी को भी वहां आने नहीं दिया जा रहा है. यहां तक की पत्रकारों को भी उसके पास जाने की इजाज़त नहीं हैं. जिन पत्रकारों के पास विशेष पास मौजूद हैं उन्हें भी नहीं आने दिया जा रहा है.सरकार ने वहां धारा 144 तो पहले से ही लगा रखा है लेकिन अभी के हालात को देखते हुए कहा जा सकता है कि वहां अघोषित कर्फ़्यू लगा दिया गया है.
केंद्रीय अर्द्दसैनिक बल सीआरपीएफ़ के महानिरिक्षक का दावा है कि लाल चौक पर किसी को भी नहीं आने दिया जाएगा, चाहे वो भाजपा कार्यकर्ता या समर्थक हों या फिर अलगाववादी संगठन के समर्थक.भाजपा की तिरंगा यात्रा के जवाब में अलगाववादी संगठन जेकेएलएफ़ ने लाल चौक मार्च की घोषणा की है. जबकि कट्टरपंथी नेता सैयद अली शाह गिलानी और कुछ दूसरे संगठनों ने इसे काला दिवस के रूप में मनाने की घोषणा करते हुए पूरे घाटी में बंद का आह्वान किया है.पुलिस ने जेकेएलएफ़ के कई कार्यकर्ता को हिरासत में लिया है.
जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर कश्मीर की तरफ़ जाने वाले वाहनों पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है.लाल चौक से लगभग एक किलोमीटर दूर बख़्शी स्टेडियम में गणतंत्र दिवस का समारोह मनाया जा रहा है जहां राज्य सरकार के एक मंत्री नें तिरंगा फहराया.जबकि मुख्यमंत्री उमर अबदुल्ला ने जम्मु में तिरंगा फहराया.
उमर अबदुल्ला ने वरिष्ठ भाजपा नेता अरूण जेटली से बात कर भाजपा नेताओं को गणतंत्र दिवस के सरकारी समारोह में शामिल होने की दावत दी लेकिन भाजपा ने उनकी इस अपील को ठुकरा दिया.विधानसभा में विपक्ष के नेता चमन लाल ने बीबीसी को बताया कि उमर अबदुल्ला के न्योते का कोई मतलब नही है क्योंकि अभी तक भाजपा के सारे नेता गिरफ़्तार हैं.
उन्होने कहा कि भाजपा अपने तौर पर तिरंगा फहराने का कार्यक्रम करेगी और उनके समर्थक लाल चौक पर भी तिरंगा फहराने की कोशिश करेंगे.इससे पहले मंगलवार शाम को जम्मू-कश्मीर में दाख़िल होते ही भाजपा के शीर्ष नेताओं को लगभग एक हजार समर्थकों के साथ पुलिस ने लखनपुर में गिरफ़्तार कर लिया.
मंगलवार शाम रावी नदी का पुल पार कर जम्मू-कश्मीर सीमा में क़दम रखते ही रैली का नेतृत्व कर रहे भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुराग ठाकुर व लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष सुषमा स्वराज, राज्य सभा में विपक्ष के नेता अरूण जेटली, सांसद और भाजपा के महासचिव अनंत कुमार और हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार को उनके हज़ारों कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ गिरफ्तार कर लिया गया.
उन्हें कठुआ जिला पुलिस लाइंस ले जाया गया और लखनपुर के निकट हॉलमार्क होटल में रखा गया है.मंगलवार को ही हवाई जहाज़ से श्रीनगर जाने की कोशिश कर रहे प्रो. चमन लाल समेत भाजपा के आठ अन्य विधायकों को भी जम्मू में हिरासत में ले लिया गया था.इसके अलावा दिल्ली से श्रीनगर पहुंचे जम्मू-कश्मीर भाजपा के तीन विधायकों व भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पवन कुमार को भी पुलिस ने हवाई अड्डे पर ही रोक लिया.
भाजपा युवा मोर्चा ने एलान किया था कि कोलकाता से शुरू हुई राष्ट्रीय एकता संकल्प रैली का समापन 26 जनवरी को लाल चौक पर तिरंगा फहराकर किया जाएगा. जेकेएलएफ के चेयरमैन यासीन मलिक ने इस रैली का विरोध करते हुए लाल चौक मार्च की घोषणा की थी.इसके बाद मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भाजपा की तिरंगा यात्रा को रोकने का फ़ैसला किया था साथ ही ये भी तय किया था कि लाल चौक पर किसी को भी नहीं जाने दिया जाएगा.












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