टल सकता है राम मंदिर-बाबरी मस्जिद पर फैसला
उत्तर प्रदेश में आम लोगों में 24 सितंबर को लेकर संशय बना हुआ है। उस दिन क्या होगा, क्या नहीं इसे लेकर लोगों के अंदर तमाम प्रश्न उठ रहे हैं। कईयों ने अभी से फैसला कर लिया है कि 24 को वो अपने घर से बाहर नहीं निकलेंगे, तो कई यात्रा से घबरा रहे हैं, लेकिन सियासी समीकरणों पर गौर फरमाएं तो अयोध्या में विवादित स्थल पर राम मंदिर या बाबरी मस्िजद पर फैसला टलना लगभग तय है।
इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच में सुनाए जाने वाले फैसले के टलने के कई प्रमुख कारण हैं-
केंद्र नहीं देगा सुरक्षाबल
अयोध्या मसले पर फैसला आने पर यदि किसी प्रकार की सांप्रदायिक हिंसा फैलती है, तो उससे निपटने के लिए राज्य की मुख्यमंत्री मायावती ने केंद्र सरकार से केंद्रीय सुरक्षाबलों के 63 हजार जवानों की मांग की, जिस पर केंद्र मात्र 5000 सुरक्षाकर्मी देने पर राजी हुआ। केंद्र का कहना है कि यदि सारी सुरक्षा उत्तर प्रदेश को ही दे देंगे, तो बाकी के राज्यों का क्या होगा।
विधानसभा चुनाव
बिहार में विधान सभा चुनावों का बिगुल फूंका जा चुका है, जबकि उत्तर प्रदेश में 2012 में चुनाव होने हैं, ऐसे में दोनों राज्यों की सरकारें नहीं चाहेंगी कि उनके कार्यकाल में किसी प्रकार का दंगा-फसाद हो। लिहाजा मायावती और नीतीश कुमार दोनों की सरकारें इस फैसले को टालने की पुरजोर मांग कर रही हैं, भले ही प्रत्यक्ष रूप से यह मांग सामने नहीं दिख रही है।
राष्ट्रमंडल खेल
देश में दशक का सबसे बड़ा खेल आयोजन राष्ट्रमंडल खेल 3 अक्तूबर से शुरू हो रहे हैं, ऐसे समय में केंद्र सरकार खुद भी नहीं चाहेगी कि देश में किसी प्रकार की सांप्रदायिक हिंसा भड़के। हालांकि इसी मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए दो अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट से फैसला टालने की अपील की है।
कश्मीर हिंसा
जरा सोचिए वेबसाइट यू-ट्यूब पर कथित तौर पर कुरान जलाते हुए दिखाए गए वीडियो पर श्रीनगर में इतना उबाल आ गया कि हिंसा ठंडी होने का नाम नहीं ले रही है। कश्मीर की स्थिति पर प्रधानमंत्री को सर्वदलीय बैठक तक बुलानी पड़ी। ऐसे में बाबरी मस्जिद पर फैसला कश्मीर में हिंसा की आग को हवा देने का काम कर सकता है।
इन कारणों के चलते यह साफ है कि केंद्र सरकार यह कतई नहीं चाहेगी कि मंदिर-मस्जिद पर फैसला अभी सुनाया जाए। कोर्ट क्या कदम उठाती है, यह तो 24 सितंबर को पता चल जाएगा, लेकिन इस पर आपकी क्या राय है, नीचे दिए हुए कमेंट बॉक्स में लिखें।












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