कुरैशी ने कृष्णा पर किए व्यक्तिगत प्रहार (लीड-1)
नई दिल्ली/इस्लामाबाद, 16 जुलाई (आईएएनएस)। विदेश मंत्री स्तर की वार्ता के एक दिन बाद शुक्रवार को पाकिस्तानी विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी द्वारा अपने भारतीय समकक्ष पर किए गए व्यक्तिगत प्रहार के बीच भारतीय राजनीतिक दलों ने कुरैशी की कड़ी आलोचना की है।
इस्लामाबाद में शुक्रवार को एक संवाददाता सम्मेलन में कुरैशी ने भारतीय समकक्ष एस. एम. कृष्णा पर व्यक्तिगत प्रहार करते हुए कहा कि भारतीय प्रतिनिधिमंडल वार्ता के लिए पूरी तरह से तैयार नहीं था।
इधर, कुरैशी द्वारा गुरुवार को केंद्रीय गृह सचिव जी. के. पिल्लै के बयान की तुलना लश्कर ए-तैयबा के संस्थापक हाफिज सईद के बयान से करने को लेकर सत्ताधारी कांग्रेस और विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने उनकी आलोचना की है। पूर्व विदेश मंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा ने कहा कि कुरैशी विदेश मंत्री जैसे अहम पद के लायक ही नहीं हैं।
कृष्णा के साथ मुलाकात के अगले दिन कुरैशी ने कहा, "भारतीय प्रतिनिधिमंडल वार्ता के लिए तैयार नहीं था। ऐसा लगा कि कृष्णा को कुछ परेशानी थी क्योंकि वह लगातार नई दिल्ली के संपर्क में थे। गुरुवार को वार्ता के दौरान उन्हें नई दिल्ली से लगातार निर्देशित किया जा रहा था।"
उन्होंने कहा, "जब भारत कहता है कि सभी मुद्दे बातचीत में शामिल है तब उसका रवैया संकुचित होता है। अगर हम बातचीत को सिर्फ आतंकवाद पर केंद्रित करेंगे तो पाकिस्तान के लिए आगे बढ़ना मुश्किल हो जाएगा।"
कुरैशी ने कहा, "हम बातचीत के लिए तैयार हैं। हम जल्दबाजी में नहीं हैं। जब भी वे तैयार होते हैं, हम सभी मुद्दों पर बातचीत करने और लचीला रुख दिखाने को तैयार हैं।"
पाकिस्तानी विदेश मंत्री ने कहा कि वार्ता में जम्मू एवं कश्मीर का मसला शामिल था। उन्होंने कश्मीर घाटी में 'मानवाधिकार के उल्लंघन' का फिर आरोप लगाया। कुरैशी ने कहा कि पाकिस्तान आतंकवाद से पीड़ित है और उसके कई शहरों को बार-बार आतंकवादी निशाना बनाते हैं।
उधर, कुरैशी द्वारा पिल्लै के बयान की तुलना लश्कर सरगना के बयान से करने की कोशिश पर कांग्रेस ने कड़ी आपत्ति जताई है। पार्टी प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने शुक्रवार को संवाददाताओं से कहा, "गृह सचिव के बयान की हाफिज सईद या सलाऊद्दीन के बयानों से तुलना करने का कोई आधार नहीं है। ऐसा करना हास्यास्पद होगा।"
इस पर भाजपा के मुख्य प्रवक्ता रविशंकर प्रसाद ने शुक्रवार को संवाददाताओं से कहा, "पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने भारत के गृह सचिव पर हमला किया। मुझे इसका अफसोस है कि भारत के विदेश मंत्री ने गृह सचिव का बचाव नहीं किया।"
प्रसाद ने कहा, "कुरैशी पिल्लै के बयान को मुद्दा बना रहे हैं। हाफिज सईद पर कार्रवाई करने की बजाय वे पिल्लै के साथ उसकी तुलना कर रहे हैं।"
गौरतलब है कि गुरुवार को कुरैशी से लश्कर-ए-तैयबा के सरगना हाफिज सईद के भारत खिलाफ नफरत भरे भाषणों के बारे में सवाल पूछा गया था तो इस पर कुछ ठोस जवाब देने की बजाय उन्होंने पिल्लै के उस बयान का हवाला दिया। पिल्लै ने मुंबई हमले के लिए पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को कठघरे में खड़ा किया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications