स्टार एलायंस से जुड़ने के लिए एयर इंडिया को करना पड़ सकता है लंबा इंतजार
नई दिल्ली, 23 जनवरी (आईएएनएस)। दुनिया की विमानन कंपनियों के सबसे बड़े संगठन स्टार एलायंस के एक संस्थापक सदस्य के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा है कि एयर इंडिया के एलायंस से औपचारिक रूप से जुड़ने में और अधिक विलंब हो सकता है।
भारतीय विमानन कंपनी द्वारा स्टार एलायंस से जुड़ने के लिए किए गए उपायों पर एयर इंडिया के अध्यक्ष अरविंद जाधव से मुलाकात के बाद लुफ्तहांसा के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी वोल्फगैंग मेरीहूबर ने यह टिप्पणी की।
मेरीहूबर ने आईएएनएस से कहा कि आईटी प्रौद्योगिकी के उन्नतिकरण के अलावा एयर इंडिया को स्टार एलायंस का सदस्य बनने से पहले अन्य कई मुद्दों को भी सुलझाना है।
स्टार एलायंस में 25 अंतर्राष्ट्रीय विमानन कंपनियां शामिल हैं। गठबंधन प्रतिदिन 171 देशों के 1,071 हवाईअड्डों से 19,500 उड़ानों का संचालन करता है।
एयर इंडिया को वर्ष 2006 में निमंत्रण मिलने के बाद से ही स्टार एलायंस में शामिल होने का इंतजार है। समझौते में विमानन कंपनियों के बीच हवाई अड्डों पर सुविधाओं की साझेदारी, उड़ानों के समय में समायोजन, एक ही टिकट पर यात्रियों को कई उड़ानों में सफर की सुविधा भी मिल सकेगी।
मेरीहूबर भारतीय वाणिज्यिक उड्डयन उद्योग में अत्यधिक वृद्धि देखते हैं और एयर इंडिया के साथ बेहतर कार्य संबंधों के लिए इच्छुक हैं। एलायंस ने यूरोप और अमेरिका में संचालन के लिए फ्रैंकफर्ट को अपना केंद्र बनाया है।
फ्रैंकफर्ट लुफ्तहांसा के संचालन का भी केंद्र है। लुफ्तहांसा और एयर इंडिया के बीच न केवल कोड साझेदारी समझौता है वरन स्टार एलायंस में शामिल होने की दृष्टि से मदद के लिए वह एक उपयोगी सहयोगी भी है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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