झारखंड: सरकार बनाने के लिए रस्साकशी

झारखंड: सरकार बनाने के लिए रस्साकशी

सलमान रावी

बीबीसी संवाददाता, राँची

झारखंड में हुए विधानसभा चुनावों में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत न मिलने के बाद, सरकार बनाने के लिए राजनीतिक रस्साकशी जारी है. शुक्रवार को ताज़ा घटनाक्रम में झारखंड मुक्ति मोर्चा के शिबू सोरेन को विधायक दल का नेता चुना लिया गया है.

झारखंड मुक्ति मोर्चा के विधायक हेमलाल मुर्मू ने बीबीसी को बताया, "भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों ने ही झारखंड मुक्ति मोर्चा के समर्थन के लिए हम से संपर्क किया है. लेकिन विधायक दल में आम सहमति इस विचार पर बन रही है कि कांग्रेस के साथ जाने से परहेज़ किया जाए. हालाँकि इस बारे में अंतिम फ़ैसला अभी लिया जाना बाक़ी है."

ग़ौरतलब है कि पहले ही झारखण्ड मुक्ति मोर्चा के अध्यक्ष शिबू सोरेन स्पष्ट कर चुके हैं कि वे उस दल के साथ जाएँगे जो उन्हें बिना रोकटोक समर्थन देगा. उन्होंने शर्त रखी है कि उन्हें झारखण्ड का मुख्य मंत्री बनाया जाए.

महत्वपूर्ण है कि चुनावों से प्राप्त हुए नतीजों में झारखंड विकास मोर्चे के समर्थन वाले कांग्रेस गठबंधन को 25 सीटें मिली हैं, जनता दल के समर्थन वाले भाजपा गठबंधन को 20 सीटें मिली हैं जबकि झारखंड मुक्ति मोर्चा को 18 सीटें मिली हैं. राष्ट्रीय जनता दल को पाँच सीटें मिली हैं.

उधर ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन के पाँच उम्मीदवार जीते हैं. मार्क्सवादी समन्वय समिति और आदिवासी छात्र संघ के एक-एक उम्मीदवार जीते हैं और बाक़ी निर्दलीय हैं.

शुक्रवार को सभी दलों और गठबंधनों की अलग-अलग बैठकें हो रही हैं जिनमें ये अपनी भावी रणनीति तय कर रहे हैं.

झारखण्ड मुक्ति मोर्चा एक बड़े और महत्वपूर्ण दल के रूप में सामने आया है और बिना उसके समर्थन के कोई भी पार्टी या गठबंधन सरकार नहीं बना पाएगा.

जहाँ जेएमएम के शिबू सोरेन नें मुख्यमंत्री पद की शर्त रखी है वहीं कांग्रेस के सहयोगी दल झारखंड विकास मोर्चा के नेता बाबूलाल मरांडी ने उन पर दबाब बनाने की कोशिश की है.

बाबूलाल मरांडी नें बयान दिया है की कांग्रेस और झारखण्ड विकास मोर्चा बिना झारखण्ड मुक्ति मोर्चा के भी सरकार बनाने की स्थिति में हैं.

बाबूलाल का इशारा छोटे-छोटे दलों और निर्दलीय विधायकों की तरफ़ है जिनकी कुल संख्या 18 है.

उधर कांग्रेस बाबूलाल के इस विचार से सहमत नहीं नज़र आ रही है. पार्टी सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस हाई कमान अभी सरकार बनाने की जल्दी में नहीं है और वह इंतज़ार करने को तैयार है.

जहाँ तक भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का सवाल है, तो उसने भी शिबू सोरेन की तरफ़ हाथ बढ़ाया है.

भारतीय जनता पार्टी के सूत्रों का कहना है की कांग्रेस को सत्ता से दूर रखने के लिए गठबंधन किसी भी दल को समर्थन दे सकता है. लेकिन यदि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन शिबू सोरेन को बहार से समर्थन देने को तैयार हो भी जाता है तब भी आल झारखण्ड स्टूडेंट्स यूनियन (आजसू) के पांच विधायकों के समर्थन के बिना सरकार बनती नज़र नहीं आती.

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+